सिमडेगा में विकास की नई कड़ी: खालीजोर नदी पर पुल का शिलान्यास, दूरदराज गांवों को मुख्य मार्ग से जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम
शंभू कुमार सिंह
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सिमडेगा : झारखंड के सिमडेगा जिले में ग्रामीण विकास को नई गति मिलने वाली है। सिमडेगा विधायक भूषण बाड़ा ने केरसई प्रखंड के पहाड़साड़ा रंगाटोली पथ में खालीजोर नदी पर प्रस्तावित पुल निर्माण कार्य का शिलान्यास किया। यह पुल मुख्यमंत्री ग्राम सेतु योजना के तहत बनाया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य दूर-दराज के गांवों को मुख्य सड़क मार्ग से जोड़ना है।
विधायक भूषण बाड़ा ने शिलान्यास के मौके पर कहा, “ग्रामीण क्षेत्रों में पुल और सड़कें महज निर्माण कार्य नहीं, बल्कि विकास की जीवनरेखा हैं। बरसात के दिनों में नदियां उफान पर होने से विद्यार्थी, मरीज और किसान सबसे ज्यादा परेशान होते हैं। यह शिलान्यास उन समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित करेगा। मुख्यमंत्री ग्राम सेतु योजना से शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और बाजार तक पहुंच आसान होगी। हमारा संकल्प है कि सिमडेगा का कोई भी गांव विकास की मुख्यधारा से वंचित न रहे। आने वाले समय में और भी कई आधारभूत योजनाओं को धरातल पर उतारा जाएगा।”
कार्यक्रम में जिला परिषद सदस्य सह कांग्रेस महिला जिला अध्यक्ष जोसिमा खाखा ने कहा, “गांव की तरक्की तभी संभव है जब बुनियादी सुविधाएं मजबूत हों। इस पुल के बनने से बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं होगी, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को अस्पताल पहुंचने में आसानी होगी तथा किसानों को अपनी उपज बाजार तक ले जाने में सहूलियत मिलेगी।” उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जनभागीदारी जरूरी है। “यह पुल केवल सरकार की योजना नहीं, बल्कि सभी का सामूहिक सपना है। मिलकर इसे समयबद्ध और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करना हम सबकी जिम्मेदारी है।”
शिलान्यास समारोह में जिप सदस्य प्रेमा बड़ा, 20 सूत्री उपाध्यक्ष मनोज जायसवाल, फादर अमित कुजूर, फादर फ्रांसिस, प्रखंड अध्यक्ष जेफरेन केरकेट्टा, मंडल अध्यक्ष मनोज कुमार, विधायक प्रतिनिधि राहुल रोहित तिग्गा, मुखिया अगुस्ता डुंगडुंग, सुरेंद्र प्रसाद, 20 सूत्री अध्यक्ष वाल्टर टोप्पो, मनोहर प्रसाद, नोवेल मिंज, अशोक प्रसाद, प्रतिमा कुजूर, पंचायत अध्यक्ष ग्रेगोरी कुल्लू, महेश प्रधान सहित कई विशेष प्रमंडल पदाधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित थे।
यह पुल ग्रामीण क्षेत्रों में कनेक्टिविटी बढ़ाने के साथ-साथ आर्थिक और सामाजिक विकास को नई दिशा देगा। स्थानीय लोग इस योजना से काफी उत्साहित हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि इससे उनके दैनिक जीवन में बड़ा बदलाव आएगा।

















