सिमडेगा में शांतिपूर्ण दुर्गा पूजा संपन्न, जिला प्रशासन ने दी बधाई

शंभू कुमार सिंह
सिमडेगा : उपायुक्त कंचन सिंह और पुलिस अधीक्षक एम. अर्शी की संयुक्त अध्यक्षता में परिसदन भवन में जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। इस अवसर पर जिले में शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और उल्लासपूर्ण वातावरण में दुर्गा पूजा संपन्न होने पर सभी पूजा समितियों, शांति समितियों और समन्वय समितियों के पदाधिकारियों व सदस्यों को धन्यवाद और बधाई दी गई।

सामाजिक सौहार्द्र की मिसाल है सिमडेगा
उपायुक्त कंचन सिंह ने कहा कि सिमडेगा की पहचान आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द्र से है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस परंपरा को बनाए रखने के लिए सहयोग की अपील की। बैठक में गीत और कविता के माध्यम से सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया गया, जिसका उद्देश्य लोगों के बीच आपसी दूरी को कम करना और एकता, प्रेम व भाईचारे की भावना को बढ़ावा देना था।

रामायण, रहीम और ईसा मसीह से प्रेरणा
उपायुक्त ने रामायण के प्रसंगों के माध्यम से शौर्य, धैर्य, सत्य और परोपकार जैसे मानवीय मूल्यों पर जोर दिया। उन्होंने रहीम के दोहों और ईसा मसीह के वचनों का उल्लेख करते हुए कहा कि करुणा, क्षमा और सम्मान की भावना ही समाज को प्रगति की ओर ले जाती है।

भारत की साझा संस्कृति पर जोर
पुलिस अधीक्षक एम. अर्शी ने कहा कि भारत की साझा संस्कृति में सभी धर्म और समुदाय मिलकर त्योहार मनाते हैं। उन्होंने हिंदू और उर्दू को सामाजिक ताने-बाने का हिस्सा बताते हुए जिले की एकता को इसकी सबसे बड़ी ताकत बताया। उन्होंने मशहूर गायक मोहम्मद रफी के भजन के माध्यम से इंसानियत को सबसे बड़ा धर्म बताते हुए शांति और विकास का संदेश दिया।

शांति समिति की भूमिका को सराहा
बैठक में जिला प्रशासन ने शांति समितियों की कानून-व्यवस्था के साथ-साथ सामाजिक समझ और सहयोग को मजबूत करने में भूमिका की सराहना की। प्रशासन ने भरोसा जताया कि भविष्य में भी सभी पर्व-त्योहार शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होंगे।

सौहार्द्र की परंपरा को बनाए रखने का संकल्प
बैठक में सभी धर्मों और समुदायों के प्रतिनिधियों ने सिमडेगा की सौहार्द्रपूर्ण परंपरा को कायम रखने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि प्रशासन और समाज के सहयोग से सिमडेगा शांति और सौहार्द्र का मॉडल जिला बनेगा।
बैठक के अंत में पूर्व प्रधान महालेखाकार व समाजसेवी बेंजामिन लकड़ा के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की गई और उनकी आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया।

















