कल्पना सोरेन मौन क्यों?: राफिया नाज़ का झारखंड सरकार पर तीखा हमला
रांची: भाजपा की प्रदेश प्रवक्ता राफिया नाज़ ने झारखंड सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री परिवार और विशेष रूप से कल्पना सोरेन की चुप्पी पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि जो खुद को “सशक्त नारी” बताती हैं, वे राज्य में महिलाओं के साथ हो रही जघन्य घटनाओं पर मौन क्यों हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!प्रेस वार्ता के दौरान राफिया नाज़ ने कहा कि झारखंड में बेटियों के साथ दुष्कर्म, हत्या और अमानवीय अत्याचार की घटनाएँ लगातार सामने आ रही हैं, लेकिन इन मुद्दों पर कल्पना सोरेन की कोई प्रतिक्रिया नहीं दिखती। उन्होंने हजारीबाग की 12 वर्षीय बच्ची के साथ हुई निर्मम दुष्कर्म और हत्या की घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि इस तरह की घटनाएँ राज्य में महिला सुरक्षा की स्थिति को उजागर करती हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि “झारखंड झुकेगा नहीं” जैसे नारे देने वाले अब अपराधियों के सामने झुकते नजर आ रहे हैं। राफिया नाज़ ने कहा कि यदि भाजपा नेताओं और महिला कार्यकर्ताओं ने आवाज़ नहीं उठाई होती, तो कई मामले दबा दिए जाते।
भाजपा प्रवक्ता ने यह भी कहा कि राज्य में महिला सुरक्षा की स्थिति बेहद चिंताजनक है। उनके अनुसार, जनवरी 2026 में 128 दुष्कर्म के मामले दर्ज किए गए, जबकि हजारों महिला उत्पीड़न के मामले अब भी लंबित हैं और कई मामलों में जांच तक शुरू नहीं हुई है।
उन्होंने गुमला, साहिबगंज और अन्य जिलों में हुई हालिया घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि डायन प्रथा के नाम पर हत्या, सामूहिक दुष्कर्म और शवों के टुकड़े मिलने जैसी घटनाएँ राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।
राफिया नाज़ ने झारखंड हाई कोर्ट का आभार जताया कि उन्होंने मामले का संज्ञान लिया और केंद्रीय जांच की दिशा में पहल की। साथ ही उन्होंने राज्य सरकार से मांग की कि महिला सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिले।
अंत में उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए, तो भाजपा इस मुद्दे को लेकर आंदोलन तेज करेगी और इसे दबने नहीं देगी।

















