असम विधानसभा चुनाव की तैयारियों को धार देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने डिब्रूगढ़ में झामुमो कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी बैठक की। जानें क्या निकला बैठक से
असम विधानसभा चुनाव की तैयारियों को धार देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने डिब्रूगढ़ में झामुमो कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी बैठक की। जानें क्या है

असम चुनाव 2026: हेमंत सोरेन ने डिब्रूगढ़ में फूंका चुनावी बिगुल, JMM कार्यकर्ताओं को दिया ‘जीत का मंत्र’
असम/डिब्रूगढ़: झारखंड के मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय अध्यक्ष हेमंत सोरेन अब असम विधानसभा चुनाव के रण में पूरी मजबूती के साथ उतर चुके हैं। सोमवार को असम के डिब्रूगढ़ में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक में सोरेन ने पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ चुनावी रणनीति पर विस्तृत चर्चा की।
सत्ता परिवर्तन नहीं, अस्मिता की लड़ाई: हेमंत सोरेन
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए हेमंत सोरेन ने स्पष्ट किया कि यह चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन का माध्यम नहीं है। उन्होंने कहा, “यह चुनाव सामाजिक न्याय और क्षेत्रीय अस्मिता को सशक्त करने का एक ऐतिहासिक अवसर है।” सोरेन ने जोर देकर कहा कि झामुमो हमेशा से शोषित, वंचित और क्षेत्रीय पहचान की रक्षा करने वाली पार्टी रही है और यही विचारधारा असम में भी पार्टी का मुख्य आधार बनेगी।
आदिवासी और वंचित समाज पर फोकस
बैठक के दौरान असम के आदिवासी, शोषित और वंचित समाज बहुल क्षेत्रों में पार्टी की जमीनी पकड़ मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने आगामी चुनाव के लिए क्षेत्रवार रणनीतिक योजना और जनसंपर्क कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तैयार की।
News Highlights:
स्थान: डिब्रूगढ़, असम।
मुख्य एजेंडा: असम विधानसभा चुनाव 2026 की रणनीति।
प्रमुख नारा: सामाजिक न्याय और क्षेत्रीय अस्मिता की रक्षा।
रणनीति: आदिवासी और वंचित वर्गों के बीच जनसंपर्क तेज करना।

















