झारखंड में राष्ट्रीय यक्ष्मा उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक: टीबी मुक्त पंचायत के लिए मुखिया की भागीदारी पर जोर
रांची : राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के अंतर्गत राष्ट्रीय यक्ष्मा उन्मूलन कार्यक्रम (NTEP) की समीक्षा बैठक अभियान निदेशक, NHM झारखंड, शशि प्रकाश झा की अध्यक्षता में 22 अगस्त को आयोजित की गई। बैठक में सभी जिलों से आए जिला यक्ष्मा पदाधिकारियों को टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रभावी दिशा-निर्देश दिए गए।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!शशि प्रकाश झा ने सभी जिलों को निर्देश दिया कि टीबी मुक्त पंचायत अभियान में ग्राम पंचायतों के मुखियाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि मुखियाओं का योगदान टीबी उन्मूलन में महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही, निजी क्षेत्र में इलाज करा रहे सभी टीबी मरीजों को सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली मुफ्त जांच, उपचार और निक्षय पोषण सहायता राशि की सुविधा उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।
बैठक में टीबी के प्रचार-प्रसार और जोखिम वाले समूहों की पहचान के लिए कैंप मोड में स्क्रीनिंग करने का निर्देश दिया गया। साथ ही, सभी जिलों को टीबी जांच दर बढ़ाने और निक्षय पोर्टल पर डेटा समयबद्ध तरीके से अपडेट करने को कहा गया।
अभियान निदेशक ने निक्षय मित्र अभियान के तहत आम जनता, कॉरपोरेट्स, संस्थानों और गैर-सरकारी संगठनों से टीबी मरीजों को गोद लेकर फूड बास्केट प्रदान करने की अपील की, ताकि मरीजों को पोषण संबंधी समस्याओं से मुक्ति मिले और वे शीघ्र स्वस्थ हो सकें।
राज्य यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. कमलेश कुमार ने सभी जिलों को योजनाबद्ध तरीके से कार्य करने और टीबी उन्मूलन के लक्ष्यों को समय पर हासिल करने का निर्देश दिया। उन्होंने निक्षय पोर्टल पर डेटा संधारण को प्राथमिकता देने की बात कही।
बैठक में विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रतिनिधि डॉ. सतीश, डॉ. निधि, सुमित कुमार (एपीओ) सहित अन्य पदाधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे। यह बैठक टीबी मुक्त भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

















