बांग्लादेश में शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद भड़की हिंसा, ढाका सहित कई शहरों में आगजनी और तोड़फोड़
ढाका : बांग्लादेश में एक बार फिर अशांति का दौर शुरू हो गया है। जुलाई विद्रोह के प्रमुख युवा नेता और इंकलाब मंच के प्रवक्ता शरीफ उस्मान हादी की सिंगापुर में इलाज के दौरान मौत के बाद देशभर में उग्र प्रदर्शन भड़क उठे हैं। हादी की मौत की खबर फैलते ही राजधानी ढाका में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए, जिसके बाद कई जगहों पर हिंसा, आगजनी और पथराव की घटनाएं सामने आईं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!हादी को 12 दिसंबर को ढाका में मस्जिद से निकलते समय नकाबपोश हमलावरों ने गोली मार दी थी। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें पहले ढाका मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, फिर बेहतर इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया। सिंगापुर के विदेश मंत्रालय ने गुरुवार को पुष्टि की कि डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद हादी की मौत हो गई।
मौत की खबर मिलते ही ढाका के शाहबाग चौराहे पर हजारों प्रदर्शनकारी जमा हो गए। प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाते हुए हादी के हत्यारों को न्याय दिलाने और अंतरिम सरकार पर उनकी सुरक्षा में नाकामी का आरोप लगाया। प्रदर्शन जल्द ही हिंसक हो गया। ढाका में प्रमुख अखबारों प्रथम आलो और डेली स्टार के कार्यालयों में तोड़फोड़ की गई और आग लगा दी गई। आग की घटनाओं में कई पत्रकार फंस गए, जिन्हें बाद में बचाया गया।
हिंसा सिर्फ ढाका तक सीमित नहीं रही। राजशाही में अवामी लीग के एक कार्यालय को आग के हवाले कर दिया गया। चटगांव में भारतीय सहायक उच्चायोग के कार्यालय पर पथराव किया गया। कुछ प्रदर्शनों में भारत-विरोधी नारे भी लगे, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को भारत में शरण देने का आरोप लगाया गया। ढाका-मयमनसिंह राजमार्ग को ब्लॉक कर दिया गया और दक्षिण-पूर्वी शहरों में भी तोड़फोड़ की खबरें आईं।
अंतरिम सरकार के प्रमुख मुहम्मद यूनुस ने हादी की मौत को “राष्ट्र के लिए अपूरणीय क्षति” बताते हुए शनिवार को राष्ट्रीय शोक दिवस घोषित किया। उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की और हत्यारों को जल्द पकड़ने का वादा किया। यूनुस ने कहा कि हादी जुलाई विद्रोह के निडर योद्धा थे।
हादी जुलाई 2024 के छात्र आंदोलन के प्रमुख चेहरों में से एक थे, जिसने शेख हसीना की सरकार को गिरा दिया था। वे भारत-विरोधी बयानों और अवामी लीग के खिलाफ आवाज उठाने के लिए जाने जाते थे। फरवरी 2026 के चुनाव में ढाका-8 सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में प्रचार कर रहे थे।

















