Ranchi; मणिपुर घटना पर जब सर्वोच्च न्यायालय ने स्वतः संज्ञान लिया तब प्रधानमंत्री जी बेवशी में मीडिया से मुखातिब हुए – दीपिका पांडेय
Ranchi: कांग्रेस मणिपुर कांड को पूरी तरह भुनाना चाहती है। महिला के साथ हुए जघन्य घटना का पूरा राजनीतिकरण हो रहा है इसी क्रम में आज मणिपुर में कुकी समुदाय की आदिवासी महिलाओं के साथ हुई अमानवीय घटना के विरोध में कांग्रेस विधायक दीपिका पांडे केंद्र सरकार पर जमकर बरसीं. उन्होंने इस मौके पर देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी आड़े हांथो लिया और उनके गुप्तचर एजेंसियों पर भी सवाल उठाया। . रविवार को झारखंड प्रदेश पार्टी कार्यालय में उन्होंने एक पत्रकार सम्मलेन को सम्बोधित करते हुए पत्रकारों से कहा कि जो कुछ मणिपुर में हुआ है, उससे वीभत्स कुछ नहीं हो सकता. पूरा देश का सर झुकाने वाला, पूर्वात्तर जल रहा है. लेकिन प्रधानमंत्री जी मणिपुर के लिए समय नहीं निकाल पाए या उनको ऐसा लगता होगा कि मणिपुर में घट रही घटनाएं इतनी महत्वपूर्ण नहीं है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!.उन्होंने कहा कि विदेशों में प्रधानमंत्री भाषण बड़ी-बड़ी देते हैं पर मणिपुर के लिए दो शब्द नहीं थे उनके पास, जब सर्वोच्च न्यायालय ने स्वतः संज्ञान लिया तब प्रधानमंत्री जी बेवशी में मीडिया से मुखातिब हुए. मणिपुर पर कम राजस्थान और छतीसगढ़ पर भाषण देकर इस तरही घटना पर भी राजनीतिकरण करने का काम किया. कम से कम अपील ही कर लेते शान्ति स्थापित होना चाहिए. हमें गर्व है अपने नेता राहुल गांधी पर. तमाम व्यवधान के बीच वो गए और उनको हर समुदाय ने गले से लगाया, उन्हें रोकने की कोशिश सरकार की ओर से हुई किन्तु न वो रूके ना वो झुके और ना डरे.
उन्होंने देश की गुप्त एजेंसियों पर भी सवाल उठाया. कहा कि उनकी गुप्त एजेंसियां क्या कर रही थी. विपक्ष के विधायकों को डराने के लिए बीजेपी में सम्मिलित कराने के लिए जो तत्परता दिखाती है वो तत्परता मणिपुर में कहां चली गई. जबकि महिला आयोग, मणिपुर की राज्यपाल तक चिंता व्यक्त कर चुकी लेकिन मणिपुर की हिंसा नहीं रूकी.
















