हेमंत सोरेन का 50वां जन्मदिन: पिता शिबू सोरेन के निधन के शोक में जन्मदिन नहीं मना रहे सीएम
रांची : झारखंड के मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के अध्यक्ष हेमंत सोरेन का आज 50वां जन्मदिन है। हालांकि, इस बार वे अपना जन्मदिन नहीं मना रहे हैं। उनके पिता और झारखंड आंदोलन के प्रणेता दिशोम गुरु शिबू सोरेन का हाल ही में 4 अगस्त 2025 को निधन हो गया था। शिबू सोरेन के श्राद्ध कर्म चल रहे हैं और मुख्यमंत्री शोक में डूबे हुए हैं। इस मौके पर हेमंत ने अपने पिता की स्मृति में उनकी विरासत को आगे बढ़ाने का दृढ़ संकल्प लिया है।
10 अगस्त 1975 को रामगढ़ जिले के नेमरा गांव में जन्मे हेमंत सोरेन आज अपने पैतृक आवास पर परिवार के साथ हैं। इस बार उनका जन्मदिन उत्सव से दूर, शांति और स्मृति में बीत रहा है। शिबू सोरेन, जिन्हें झारखंड की जनता ‘दिशोम गुरु’ के नाम से जानती है, ने झारखंड राज्य के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनके निधन ने न केवल हेमंत, बल्कि पूरे झारखंड को गहरे शोक में डुबो दिया है। हेमंत ने अपने पिता को याद करते हुए कहा, “मेरे बाबा मेरे लिए सिर्फ पिता नहीं, बल्कि मेरे मार्गदर्शक और प्रेरणास्रोत थे। उनकी सादगी, संघर्ष और जनसेवा का रास्ता मुझे हमेशा प्रेरित करता रहेगा।”
हेमंत सोरेन का जीवन चुनौतियों, संघर्षों और राजनीतिक उपलब्धियों की कहानी है। झारखंड आंदोलन के प्रणेता शिबू सोरेन के पुत्र के रूप में जन्मे हेमंत ने कम उम्र में ही राजनीति में कदम रखा। उन्होंने 2009 में दुमका से राज्यसभा सांसद के रूप में अपनी राजनीतिक पारी शुरू की और 2013 में पहली बार झारखंड के मुख्यमंत्री बने। उनकी सरकार ने आदिवासी अधिकारों, शिक्षा और ग्रामीण विकास पर विशेष ध्यान दिया। हालांकि, उनके राजनीतिक सफर में कई उतार-चढ़ाव आए, जिसमें जेल और जांच एजेंसियों का दबाव शामिल रहा। इसके बावजूद, हेमंत ने अपने पिता के सिद्धांतों को थामे रखा और 2019 में दोबारा मुख्यमंत्री बनकर झारखंड की जनता की सेवा में जुट गए हैं।

















