बिहार में महिलाओं के अपराध पर बवाल: राबड़ी-नीतीश की तीखी बहस, विपक्ष ने वेल में की नारेबाजी
पटना : बिहार विधान परिषद की कार्यवाही सोमवार को शुरू होते ही जोरदार हंगामे की भेंट चढ़ गई। दरभंगा में 6 साल की बच्ची के साथ रेप-मर्डर सहित पटना, खगड़िया और आरा की घटनाओं को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेर लिया। राजद के एमएलसी अब्दुल बारी सिद्दीकी ने सदन में यह मामला उठाया, जिसके बाद राजद के सभी सदस्य खड़े हो गए और नारेबाजी शुरू कर दी।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!राजद एमएलसी सुनील कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से सीधे इस्तीफे की मांग की। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने और भी तीखा हमला बोलते हुए कहा, “बिहार में ऐसा कोई जिला नहीं बचा जहां बच्चियों और महिलाओं के साथ बलात्कार की घटनाएं नहीं हो रही हैं।” उन्होंने गृह मंत्री सम्राट चौधरी से भी इस्तीफा मांगते हुए सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाया।
सभापति के बार-बार समझाने के बावजूद विपक्ष शांत नहीं हुआ। सदस्य वेल में पहुंचकर “मुख्यमंत्री हाय-हाय” के नारे लगाते रहे और प्रश्नकाल बिल्कुल नहीं चलने दिया। सदन का माहौल पूरी तरह गरमा गया।
इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी विपक्ष पर पलटवार किया। उन्होंने कहा, “जो लोग आज शोर मचा रहे हैं, उन्होंने बिहार के लिए कभी कुछ नहीं किया।” नीतीश कुमार ने अपनी सरकार के विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार लगातार प्रगति कर रहा है। राबड़ी देवी और नीतीश कुमार के बीच हाथ दिखाते हुए आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला, जिससे सदन में और तनाव बढ़ गया।
हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही प्रभावित हुई और इसे स्थगित करना पड़ा। यह घटना बिहार में कानून-व्यवस्था को लेकर जारी राजनीतिक तेज हो गई है।

















