ब्लैक मंडे: ईरान-इजरायल युद्ध की आग से शेयर बाजार धड़ाम, निवेशकों का 17.5 लाख करोड़ स्वाहा
मुंबई : सोमवार को भारतीय शेयर बाजार ने दिन की शुरुआत ही भयानक गिरावट के साथ की। BSE सेंसेक्स इंट्राडे में 2,743 अंकों (लगभग 3.4%) तक लुढ़ककर 78,543 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि NSE निफ्टी 50 519+ अंकों की गिरावट के साथ 24,659 के आसपास खुला और आगे और नीचे चला गया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इस गिरावट का मुख्य कारण मिडिल ईस्ट में तेज होता संघर्ष है। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए मिसाइल हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत की खबर ने पूरे क्षेत्र को युद्ध की कगार पर ला खड़ा किया। ईरान की जवाबी कार्रवाई में कई देशों पर हमले हुए, जिससे क्रूड ऑयल की कीमतें 7-13% तक उछल गईं। इससे ग्लोबल मार्केट में रिस्क-ऑफ मूड बन गया और भारतीय बाजार भी इससे अछूता नहीं रहा।
बाजार पूंजीकरण में आई कमी से निवेशकों की कुल संपत्ति में 17.50 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की कमी आई। मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में 5-6% तक की गिरावट देखी गई, जबकि ऑयल एंड गैस, रियल्टी और फाइनेंशियल सेक्टर सबसे ज्यादा प्रभावित हुए।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि अगर मिडिल ईस्ट तनाव लंबा खिंचा तो क्रूड ऑयल $80-90 के स्तर पर पहुंच सकता है, जो भारत जैसे आयात-निर्भर देश के लिए इन्फ्लेशन और ट्रेड बैलेंस पर बड़ा असर डालेगा। हालांकि, कुछ सेक्टर्स जैसे गोल्ड, डिफेंस और ऑयल एक्सप्लोरेशन कंपनियां इस संकट में फायदे में रह सकती हैं।

















