BLO स्टीकर और मतदाता सूची सुधार पर सख्ती, 48 घंटे में कॉल बैक अनिवार्य
रांची : मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण को लेकर सभी जिलों के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि हर घर पर बीएलओ (Booth Level Officer) की जानकारी वाला स्टीकर लगाना हर हाल में सुनिश्चित किया जाए और इसकी जमीनी स्तर पर समीक्षा की जाए।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!निर्वाचन सदन से आयोजित ऑनलाइन बैठक में उन्होंने निर्देश दिया कि जिन घरों में मकान संख्या नहीं है, वहां बीएलओ द्वारा “नोशनल नंबर” दिया जाए। साथ ही बीएलओ रजिस्टर में घर का नंबर, 18 वर्ष से अधिक आयु के सदस्यों और परिवार के मुखिया का नाम अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाए।
उन्होंने कहा कि डोर-टू-डोर अभियान के दौरान ऐसे मतदाताओं को चिन्हित कर मैपिंग पूरी की जाए, जिनकी जानकारी अब तक मतदाता सूची में अपडेट नहीं हो सकी है। इसके अलावा “एब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ और डुप्लीकेट” मतदाताओं की सूची को पूरी तरह से अपडेट कर सिस्टम के जरिए डुप्लीकेट नाम हटाने का निर्देश दिया गया।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि इन सूचियों का सत्यापन मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बीएलए-2 से अनिवार्य रूप से कराया जाए। साथ ही सभी मतदान केंद्रों के नजरी नक्शे की सॉफ्ट कॉपी राजनीतिक दलों के साथ साझा करने को कहा गया।
उन्होंने अधिकारियों को लक्ष्य देते हुए कहा कि एक भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे। मैपिंग के शेष कार्य जल्द पूरा करने और किसी भी तरह की गलत मैपिंग की गहन जांच करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि पुनरीक्षण के दौरान त्रुटियां न्यूनतम रहें।
इसके अलावा ‘बुक ए कॉल’ सेवा के तहत मतदाताओं से प्राप्त कॉल का 48 घंटे के भीतर 100 प्रतिशत कॉल बैक कर उनकी समस्याओं का समय पर समाधान सुनिश्चित करने को कहा गया। बैठक में संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुबोध कुमार, ट्रेनिंग नोडल अधिकारी देव दास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी धीरज ठाकुर सहित सभी जिलों के अधिकारी ऑनलाइन जुड़े रहे।
















