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झारखंड में स्वास्थ्य क्रांति की नई शुरुआत: 8 नए मेडिकल कॉलेज, पहली मेडिकल यूनिवर्सिटी और एशिया का सबसे बड़ा RIMS-2 अस्पताल!

रांची : झारखंड विधानसभा में स्वास्थ्य, खाद्य आपूर्ति एवं आपदा प्रबंधन विभाग के बजट प्रस्तुत करते हुए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राज्य की जनता के लिए ऐतिहासिक घोषणाएं कीं। उन्होंने इसे महज आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि गरीबों, आदिवासियों और वंचित वर्गों के बेहतर स्वास्थ्य, भोजन सुरक्षा एवं संकट में मजबूत साथ का संकल्प बताया।

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प्रमुख घोषणाएं स्वास्थ्य विभाग से:

स्वास्थ्य विभाग के लिए बजट प्रावधान: ₹7,990 करोड़ 29 लाख 55 हजार रुपये।

8 नए मेडिकल कॉलेज की स्थापना: राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा को मजबूत करने के लिए 8 नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। पहले चरण में जामताड़ा, गिरिडीह, धनबाद, खूंटी और सरायकेला-खरसावां में मेडिकल कॉलेज स्थापित होंगे। दूसरे चरण में गोड्डा, साहिबगंज और लातेहार शामिल होंगे। इससे युवाओं को स्थानीय स्तर पर बेहतर मेडिकल शिक्षा मिलेगी और डॉक्टरों की कमी दूर होगी।
झारखंड की पहली मेडिकल यूनिवर्सिटी: राज्य में चिकित्सा शिक्षा, शोध और आधुनिक स्वास्थ्य प्रणाली को नई ऊंचाई देने के लिए पहली मेडिकल यूनिवर्सिटी स्थापित की जाएगी। यह युवा चिकित्सकों और रिसर्च को बढ़ावा देगी।
RIMS-2: एशिया का सबसे बड़ा अस्पताल: रांची में राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (RIMS) के विस्तार के रूप में RIMS-2 का निर्माण होगा, जो एशिया का सबसे बड़ा अस्पताल बनेगा। पहले चरण में 1400 बेड और दूसरे में 2600 बेड तक विस्तार होगा। इससे सुपर स्पेशियलिटी सेवाएं बढ़ेंगी और मेडिको सिटी की योजना भी आगे बढ़ेगी।

डॉ. इरफान अंसारी ने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि स्वास्थ्य सेवाएं राज्य के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचें और झारखंड का स्वास्थ्य तंत्र देश के अग्रणी राज्यों में शुमार हो।” उन्होंने झारखंड आंदोलन के प्रणेता गुरु शिबू सोरेन को नमन करते हुए कहा कि यह बजट उनके सपनों के झारखंड की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के मार्गदर्शन में सरकार सामाजिक न्याय, गरीब कल्याण और स्वास्थ्य सुरक्षा पर फोकस कर रही है।

अन्य विभागों के बजट:

खाद्य आपूर्ति विभाग: ₹2,887 करोड़ 26 लाख 55 हजार – कोई गरीब भूखा न सोए, इस लक्ष्य के साथ।
आपदा प्रबंधन विभाग: ₹1,859 करोड़ 46 लाख 45 हजार – संकट की घड़ी में मजबूत सहारा।

यह बजट झारखंड की जनता के लिए स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षा की मजबूत नींव रखने वाला साबित होगा। सरकार की ये पहल राज्य को स्वास्थ्य क्षेत्र में क्रांति लाने की ओर ले जा रही हैं!

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