झारखंड विधानसभा में आज पेश होगा 1.62 लाख करोड़ का ‘अबुआ दिशोम बजट’।हेमंत सोरेन सरकार स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास पर देगी प्राथमिकता
रांची : झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के पांचवें दिन मंगलवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की सरकार वित्तीय वर्ष 2026-27 का आम बजट सदन में पेश करेगी। वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले इस बजट को ‘अबुआ दिशोम बजट’ नाम दिया गया है। सूत्रों के अनुसार, इस बार बजट का कुल आकार लगभग 1.62 लाख करोड़ रुपये रहने की संभावना है, जो पिछले वर्ष के 1.45 लाख करोड़ रुपये के बजट से करीब 10-12% अधिक है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 के ‘अबुआ बजट’ में महिला-बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई थी, जहां मैया सम्मान योजना के लिए अकेले 13,363 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। कुल महिला-बाल विकास मद में 22,023 करोड़ का प्रावधान था। शिक्षा क्षेत्र में स्कूल शिक्षा के लिए 15,198 करोड़, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा के लिए 2,409 करोड़, स्वास्थ्य के लिए 7,470 करोड़, ग्रामीण विकास के लिए 9,841 करोड़, कृषि के लिए 4,588 करोड़ और अन्य विभागों में भी महत्वपूर्ण राशि निर्धारित की गई थी। नि:शुल्क बिजली योजना के लिए 5,005 करोड़ का प्रावधान खासा चर्चित रहा था।
इस वर्ष के बजट में भी सरकार की प्राथमिकताएं लगभग समान दिख रही हैं। सूत्रों के मुताबिक, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा, ग्रामीण विकास और रोजगार सृजन पर विशेष जोर रहेगा। युवाओं और महिलाओं के लिए नई योजनाओं की घोषणा की उम्मीद है, जैसे मुख्यमंत्री मंईयां उद्यम योजना के तहत महिलाओं को अतिरिक्त सहायता या जोहार योजना का विस्तार। बजट में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और आधारभूत संरचना विकास पर फोकस रहने के संकेत मिले हैं।
हेमंत सोरेन सरकार ने बजट तैयार करने से पहले ‘अबुआ दिशोम पोर्टल’ के माध्यम से जनता से सुझाव मांगे थे, जिससे यह बजट जन-केंद्रित होने की उम्मीद जगी है। राज्य के रजत जयंती वर्ष में यह बजट झारखंड की विकास यात्रा को नई गति देने वाला माना जा रहा है।
















