20201205 183358

रेलरोड चक्का जाम की पूर्व संध्या पर निकाला गया मशाल जुलूस.

Team Drishti.

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

रांची : आज केंद्रीय सरना समिति अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद एवं आदिवासी सेंगेल अभियान के संयुक्त तत्वाधान में 6 दिसंबर रेलरोड चक्का जाम की पूर्व संध्या पर अल्बर्ट एक्का चौक पर मशाल जुलूस निकाला गया। केंद्रीय सरना समिति के केंद्रीय अध्यक्ष श्री फूलचंद तिर्की ने कहा कि आदिवासी लंबे समय से अपने पहचान अपने हक अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे हैं एवं 2021 की जनगणना में आदिवासी हर हाल में सरना कोड लागू करना चाह रहे हैं। आदिवासीयों के संघर्ष को देखते हुए झारखंड विधानसभा से सरना आदिवासी कोड धर्म संकल्प पत्र केंद्र भेजने का काम झारखंड सरकार ने किया है, केंद्र सरकार को 30 नवंबर 2020 तक लागू करने की मांग की गई थी एवं आदिवासी समाज के साथ वार्ता करने का अल्टीमेटम दिया गया था परंतु केंद्र सरकार ने सरना कोड पर मौन रहा। आदिवासी समाज 6 दिसंबर को रेलरोड चक्का जाम का निर्णय लिया है।

अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद के अध्यक्ष सनारायण रखड़ा ने कहा कि पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत रेल रूट चक्का जाम किया जाएगा, इस संबंध में डीआरएम हटिया डिवीजन को लिखित सूचना दे दी गई है। कहा गया है कि देशव्यापी रेलरोड चक्का जाम शांतिपूर्वक ढंग से होगी। मौके पर अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद के उपाध्यक्ष बाना मुंडा, केंद्रीय सरना समिति के उपाध्यक्ष प्रशांत टोप्पो, केंद्रीय सरना समिति के महासचिव संजय तिर्की, विनय उंराव, किशन लोहरा, ज्योत्सना भगत, सूरज तिग्गा, सुखवरो उरांव, अमर तिर्की, सीमा बाड़ों एवं अन्य शामिल थे।

Share via
Share via