MLA:-विक्सल ने कहा:कैश कांड में फंसाने की कोशिश अपने ही लोगों ने की थी
MLA
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!Drishti Now Ranchi
कैश कांड में कोलेबिरा विधायक विक्सल कोनगाड़ी के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी काे झारखंड हाईकोर्ट द्वारा रद्द किए जाने पर विधायक ने इसे न्याय का जीत बताया है। विधायक ने प्रेस वार्ता आयोजित कर कहा कि हाईकोर्ट के फैसले से यह स्पष्ट हाे गया कि न्याय की जीत हुई है।
विधायक ने कहा कि आदिवासी, मूलवासी, शोषित वंचित, गरीबों की आवाज उठाने के कारण उन्हें षड्यंत्र के तहत फंसाया गया था, जिसका पर्दाफाश हो गया है। उन्होंने कहा कि न्याय के प्रति लोगों का विश्वास बढ़ा है और आदिवासियों और मूलवासियों के अधिकार के लिए उनकी लड़ाई जारी रहेगी। उन्होंने इशारों में बिना किसी का नाम लिए कहा कि अपनों ने ही उन्हें फंसाने का कार्य किया था।
कैश कांड कह कह कर उन्हें क्षेत्र में बदनाम करने का काम किया गया। लेकिन न्याय की जीत हुई उनके उपर लगा आरोप गलत साबित हुआ। न्याय व्यवस्था पर लोगों का भरोसा बढ़ा है। उन्हाेंने कहा कि बदले की भावना से ग्रसित होकर उनके खिलाफ केस किया गया। उन्हाेंने मूलवासी, अल्पसंख्यक, ईसाइयों और सभी नागरिकों के आवाज को पिछले चार सालाें सदन में आवाज बुलंद करने का काम किया।
भारतमाला प्रोजेक्ट से पड़ेगा गलत प्रभाव
विधायक विक्सल कोंगाड़ी ने भारतमाला प्रोजेक्ट का भी विरोध किया। विधायक ने कहा कि जिले से होकर रांची तक बनने वाले सिक्स लेन सड़क के लिए विकल्प है। उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रोजेक्ट से कई एकड़ जंगल उजड़ जाएगें। जिससे पर्यावरण को नुकसान पहुंचेगा। इसके अलावे आदिवासियों की आजीविका भी प्रभावित होगी।
विधायक ने वर्तमान एनएच को ही चौड़ा कर सिक्स लेन बनाने की मांग की। कहा कि प्रस्तावित सिक्स लेन सड़क और वर्तमान एनएच की दूरी ज्यादा नहीं है। इसलिए वर्तमान एनएच में ही सिक्स लेन सड़क बनाने की मांग विधानसभा में रख चुके हैं और केन्द्र सरकार से भी इसकी मांग की जाएगी।
सीएनटी-एसपीटी काे बदलने की काेशिश
उन्हाेंने कहा कि पूर्व की सरकाराें ने सीएनटी एसपीटी एक्ट को बदलने की कोशिश की। भाजपा ने आदिवासी समुदायों को सरना और ईसाई के नाम पर लड़ाने की कोशिश की। जिसका उन्हाेंने हर पल विरोध किया। कोनगाड़ी ने कहा कि पूर्व की भाजपा सरकार ने चर्च और स्कूल भवन की जांच कर ध्वस्त करने का प्रस्ताव लाया था।
अल्पसंख्यक स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति पर रोक लगा दिया गया था। मौके पर रावेल लकड़ा, रंधीर रंजन, जमीर हसन, श्यामलाल प्रसाद, सुलभ नेल्सन, मो जमीर सहित कई प्रखंड अध्यक्ष उपस्थित थे।
हमारे व्हाट्सप ग्रुप से जुड़ने के लिए इस लिंक पे क्लिक करे :-

















