Jharkhand Mukti Morcha targeted the Centre, saying – Mineral wealth goes out, but Jharkhand did not get the right.

झारखंड मुक्ति मोर्चा ने केंद्र पर साधा निशाना, कहा – खनिज संपदा जाती है बाहर, पर झारखंड को नहीं मिला हक।

झारखंड मुक्ति मोर्चा ने केंद्र पर साधा निशाना, कहा–खनिज संपदा जाती है बाहर, पर झारखंड को नहीं मिला हक।

Jharkhand Mukti Morcha targeted the Centre, saying – Mineral wealth goes out, but Jharkhand did not get the right.
Jharkhand Mukti Morcha targeted the Centre, saying – Mineral wealth goes out, but Jharkhand did not get the right.

झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने आज रांची स्थित प्रदेश कैंप कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की 10 जुलाई को होने वाली बैठक झारखंड के लिए बेहद अहम है।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि उड़ीसा, बंगाल और झारखंड से ही सबसे ज्यादा खनिज संपदा बाहर जाती है, लेकिन झारखंड के विकास की रफ्तार उस स्तर पर नहीं पहुंच पाई, जहां उसे होना चाहिए था।

उन्होंने कहा, “उड़ीसा, बंगाल और झारखंड से सबसे ज्यादा खनिज संपदा बाहर जाती है। लेकिन झारखंड का विकास वैसा नहीं हो पाया, जैसा होना चाहिए था।” HEC की स्थिति पर भी झामुमो ने चिंता जताई और केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि उसने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया।

गृह मंत्री अमित शाह को संबोधित करते हुए सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि गृह मंत्री का दिल इतना बड़ा होना चाहिए कि झारखंड के साथ इंसाफ हो। उन्होंने कहा, “खनन के क्षेत्र में सबसे ज्यादा हिस्सेदारी हमारी है, लेकिन हमारा बकाया आज तक नहीं मिला। गृह मंत्री हमारे अभिभावक हैं और उन्हें अपने बच्चों का ख्याल रखना चाहिए।”

झामुमो ने साफ कहा कि गृह मंत्री और केंद्र सरकार से झारखंड की कई उम्मीदें जुड़ी हैं और वे चाहते हैं कि इस बार की बैठक में राज्य के हक की बातें जरूर उठें। अब नजरें 10 जुलाई को होने वाली पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक पर टिकी हैं, जहां झारखंड के इन मुद्दों पर चर्चा की उम्मीद है।

Share via
Share via