20260219 072611

गढ़वा: संगीत की परीक्षा देने पहुँचा ‘इकलौता’ छात्र, सुरक्षा में तैनात रहे मजिस्ट्रेट समेत 30 से ज्यादा जवान

गढ़वा: संगीत की परीक्षा देने पहुँचा ‘इकलौता’ छात्र, सुरक्षा में तैनात रहे मजिस्ट्रेट समेत 30 से ज्यादा जवान

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

20260219 072611

गढ़वा। झारखंड में चल रही मैट्रिक और इंटरमीडिएट की परीक्षाओं के बीच गढ़वा जिले से एक बेहद दिलचस्प मामला सामने आया है। सोमवार को यहाँ एक परीक्षा केंद्र पर उस वक्त गजब का नजारा दिखा, जब महज एक परीक्षार्थी के लिए पूरा सरकारी तंत्र मुस्तैद नजर आया। छात्र अकेले परीक्षा दे रहा था, लेकिन उसकी निगरानी के लिए एक मजिस्ट्रेट, 18 निगरानी दल और 12 पुलिस के जवान तैनात रहे।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला रमकांडा प्रखंड के उत्क्रमित मध्य विद्यालय हरहे परीक्षा केंद्र का है। मैट्रिक की परीक्षा के दौरान शंकर कुमार सिंह नामक छात्र ने ‘संगीत’ (Music) विषय का चयन किया था। सोमवार को जब संगीत की परीक्षा शुरू हुई, तो इस विषय का वह केंद्र पर इकलौता परीक्षार्थी था।
नियमों का पालन करते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और पारदर्शिता में कोई कमी नहीं छोड़ी। पूरे हॉल में सीसीटीवी कैमरे सक्रिय थे और भारी संख्या में बल तैनात रहा। देखते ही देखते यह बात पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई कि एक छात्र के लिए इतना बड़ा अमला तैनात है।

20260219 072651
परीक्षा केंद्र की स्थिति
केंद्राधीक्षक हर्ष ज्योति शुक्ला ने बताया कि इस केंद्र को कुल 406 परीक्षार्थियों के लिए बनाया गया था। सोमवार को संस्कृत की परीक्षा के साथ ही इस केंद्र पर सभी विषयों की परीक्षाएं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गई हैं।
> “परीक्षा की गरिमा और नियमों के अनुसार, चाहे परीक्षार्थी एक हो या सौ, प्रोटोकॉल का पालन अनिवार्य है। केंद्र पर पेयजल से लेकर शौचालय तक की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की गई थी।” – हर्ष ज्योति शुक्ला, केंद्राधीक्षक
>
इन स्कूलों के छात्र हुए शामिल
इस केंद्र पर रमकांडा प्रखंड के हरहे, पतसर, मुरली के अलावा भंडरिया प्रखंड के रोदो और अनुसूचित जाति आवासीय विद्यालय व कस्तूरबा विद्यालय की छात्राएं परीक्षा दे रही थीं। पूरी परीक्षा के दौरान केवल तीन छात्र अनुपस्थित पाए गए।
प्रशासन की इस मुस्तैदी ने यह साबित कर दिया है कि परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

Share via
Share via