डैम में कूदे सौरभ का शव एनडीआरएफ ने निकाला.
सिमडेगा : एनडीआरएफ की टीम ने पहले ही प्रयास में सौरभ का शव केला घाट डैम से बाहर निकाला, जिसे देखते ही लोगों ने इन सदस्यों का हौसला ताली बजाकर बढ़ाया। वहीं एसपी ने भी घटना को दुखद बताते हुए एनडीआरएफ के प्रयास की सराहना करते हुए उन्हें प्रमाण पत्र देने की बात कही। शहरी क्षेत्र का रहने वाला अखौरी गोपाल कृष्ण के 24 वर्षीय पुत्र सौरभ ने कल देर शाम केलाघाघ डैम में कूद कर अपनी जान दे दी। इसके शव को निकालने आज एनडीआरएफ की टीम को आना पड़ा।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सौरभ सागर एक गरीब परिवार को संभालने वाला अकेला सहारा था। जो किसी बात को लेकर शहर के केलाघाघ डैम में कूद कर अपनी जान दे दी। घटना ने शहर को झंकझोर कर रख दिया। हालात की गंभीरता को देखते सिमडेगा पुलिस अधीक्षक ने तुरंत एनडीआरएफ की टीम से संपर्क कर उसे सिमडेगा बुलाया। रांची से एनडीआरएफ की टीम आज सुबह करीब 10 बजे सिमडेगा केलाघाघ डैम पंहुची। यहां अपनी सारी तैयारियां कर एनडीआरएफ की टीम ने डैम के पानी में अपने बोट उतारा। सौरभ के कूदने की जगह पंहुच कर एनडीआरएफ के गोताखोर दीपक पांडेय ने पानी में कूद कर पहले प्रयास में ही पानी के तह में दबे सौरभ के शव को निकाल कर बाहर लाया।
एनडीआरएफ टीम की इस प्रयास के लिए पुलिस अधीक्षक ने टीम की तारीफ की।सिमडेगा पुलिस अधीक्षक, सर्किल इंस्पेक्टर और सदर थाना प्रभारी पुरे ऑपरेशन के दौरान घटनास्थल पर जमे रहे। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि वे उपायुक्त सिमडेगा से बात किए हैं। पीड़ित परिवार को अधिक से अधिक मदद दिलवाएगे। उन्होंने कहा कि एनडीआरएफ टीम ने दुसरी बार सिमडेगा में बेहतर काम कर दिखाया है। वे एनडीआरएफ टीम को सम्मानित करेंगे।
इधर आज अहले सुबह से हीं घटनास्थल पर शहरवासी पंहुचने लगे थे। घटना ने पुरे शहर को झंकझोर कर रख दिया है। सौरभ का शव बाहर निकलने के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। पुलिस अधीक्षक डाॅ शम्स तब्रेज ने मृतक सौरभ की बहन छोटी से बात कर उसे ढाढ़स बंधाया। उन्होंने उससे कहा कि पुलिस और जिला प्रशासन हर वक्त उनके साथ है। उन्होंने कहा कि वह उपायुक्त से मिले। प्रशासन अधिक से अधिक सरकारी सहायता देगी। उन्होंने कहा कि पुलिस परिवार के द्वार हमेशा खुले है। जिला पुलिस परिवार आपके सुख दुख में साथ होने की बात कही ।
सिमडेगा, शम्भू कुमार सिंह

















