श्रावणी मेले का आगाज : देवघर में भक्ति का सैलाब, कांवरियों की उमड़ी भीड़
झारखंड के विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम में आज से श्रावणी मेले का विधिवत शुभारंभ हो गया। सावन मास के पहले दिन लाखों कांवरियों की भीड़ बाबा बैद्यनाथ मंदिर में जलाभिषेक के लिए उमड़ पड़ी। “बोल बम” और “हर हर महादेव” के जयघोषों से बाबा नगरी गूंज उठी है। यह मेला 11 जुलाई से 9 अगस्त तक चलेगा, जिसमें देश-विदेश से 60 से 70 लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!श्रावणी मेला बिहार के सुल्तानगंज से शुरू होता है, जहां कांवरिए उत्तरवाहिनी गंगा से पवित्र जल लेकर 105 किलोमीटर की पैदल यात्रा कर देवघर पहुंचते हैं। बाबा बैद्यनाथ, जो 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक हैं, पर जलार्पण का विशेष महत्व माना जाता है।
झारखंड और बिहार सरकार ने मेले को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। भीड़ प्रबंधन के लिए सुल्तानगंज से देवघर तक 150 सीसीटीवी कैमरे और ड्रोन की मदद से निगरानी की जा रही है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक का भी उपयोग किया जा रहा है। इसके अलावा, कांवरिया पथ पर गंगा की मखमली बालू बिछाई गई है ताकि श्रद्धालुओं के पैरों में छाले न पड़ें। पेयजल के लिए 1683 स्थानों पर स्टैंड पोस्ट, पानी टैंकर, चापाकल और प्याऊ की व्यवस्था की गई है।
यातायात को सुचारू रखने के लिए 40 डीएसपी रैंक के अधिकारियों सहित 3000 से अधिक पुलिस जवानों की तैनाती की गई है। दो नए ट्रैफिक थाने भी स्थापित किए गए हैं। भारतीय रेलवे ने भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 17 जोड़ी विशेष ट्रेनों का संचालन शुरू किया है, जो 11 जुलाई से 10 अगस्त तक चलेगी।
कांवरियों के लिए देवघर-सुल्तानगंज मार्ग पर टेंट सिटी बनाई गई है, जहां स्नान, शौचालय, चिकित्सा, और सूचना केंद्र जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। पर्यटन विभाग ने झारखंड के अन्य धार्मिक स्थलों की जानकारी देने के लिए सूचना केंद्र भी स्थापित किए हैं।

















