अवैध बालू तस्करी से छठ घाट पहुंच पथ को नुकसान, समिति कर रही मरम्मत

शंभू कुमार सिंह
सिमडेगा : शंख नदी के संगम तट पर स्थित छठ घाट के पहुंच पथ को अवैध बालू तस्करी में लगे ट्रैक्टरों द्वारा हर वर्ष नुकसान पहुंचाया जा रहा है। दर्जनों बालू लदे ट्रैक्टरों के आवागमन से घाट तक जाने वाला रास्ता और नदी में उतरने वाला स्थान क्षतिग्रस्त हो रहा है, जिसकी मरम्मत का खर्च छठ पूजा समिति को वहन करना पड़ता है।

छठ पूजा समिति के संस्थापक सदस्य प्रदीप केसरी ने बताया कि इस समस्या के समाधान के लिए जिला प्रशासन ने सक्रिय कदम उठाए हैं। हाल ही में उपायुक्त, आरक्षी अधीक्षक और जिला प्रशासन के अधिकारियों द्वारा घाट का अवलोकन किया गया, जिसके बाद 40 फीट गार्डवाल निर्माण का प्रस्ताव पारित हुआ। यह निर्माण कार्य वर्तमान में प्रगति पर है। इसके अलावा, दो किलोमीटर कालीकरण सड़क निर्माण कार्य भी युद्ध स्तर पर चल रहा है, जबकि एक किलोमीटर पीसीसी पथ का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है।

निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए समिति के सदस्य राकेश सिंह और अक्षय कुमार की देखरेख में कार्य चल रहा है। समिति के अन्य संस्थापक सदस्य विष्णु प्रसाद, फनी भूषण शाहा, विनोद अग्रवाल, चंदन, दुर्गा प्रसाद, लाल, दीपक अग्रवाल और संजय मिश्रा भी कार्य की गुणवत्ता पर नजर रख रहे हैं।

प्रदीप केसरी ने बताया कि 23 अक्टूबर से छठ घाट की तैयारियां शुरू हो जाएंगी। इसमें गाड़ी पार्किंग की साफ-सफाई, झाड़ी कटाई, पहाड़ टोली से घाट तक पेड़ों की टहनियों की छंटाई, और घाट व रास्तों में मिट्टी भराई का कार्य शामिल है।

केसरी ने यह भी कहा कि छठ पूजा समिति के 43 वर्षों के अथक प्रयासों और जिला प्रशासन के सहयोग से पक्की सड़क और पीसीसी पथ का निर्माण संभव हो सका है। इसके लिए उन्होंने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

समिति का लक्ष्य है कि इस वर्ष छठ पूजा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी भी असुविधा का सामना न करना पड़े और घाट तक पहुंचने में सुगमता हो।


















