13 दिनों में 500 सीसीटीवी ,48 अधिकारियों की SIT , 1000 फ़ोन कॉल्स , 5000 वाहन की जांच ,4 लाख का इनाम तब जाकर मिली अंश -अंशिका
झारखंड पुलिस की बड़ी सफलता: 13 दिनों में 500 सीसीटीवी ,48 अधिकारियों की SIT , 1000 फ़ोन कॉल्स , 5000 वाहन की जांच ,4 लाख का इनाम तब जाकर मिली अंश -आंशिका
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रांची, 14 जनवरी 2026: झारखंड पुलिस ने राजधानी रांची के धुर्वा थाना क्षेत्र अंतर्गत जगरनाथपुर मौसीबाड़ी (मल्लार टोली) से 2 जनवरी को लापता हुए दो मासूम भाई-बहन 5 वर्षीय अंश कुमार और 4 वर्षीय अंशिका कुमारी को सकुशल बरामद कर लिया है।
यह कार्रवाई मकर संक्रांति के शुभ अवसर पर हुई, जिसने पूरे राज्य में खुशियों की लहर दौड़ा दी।दोनों बच्चों को रामगढ़ जिले के चितरपुर (रजरप्पा थाना क्षेत्र) के पहाड़ी इलाके से पुलिस की संयुक्त टीम ने रिकवर किया। गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी के दौरान एक पुरुष और एक महिला को हिरासत में लिया गया है, जिनसे पूछताछ जारी है।
शुरुआती जांच में मामला ह्यूमन ट्रैफिकिंग से जुड़े अंतर्राज्यीय गिरोह से संबंधित बताया जा रहा है।
पुलिस की तत्परता और व्यापक अभियान
झारखंड पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्र के निर्देशन में चलाए गए इस ऑपरेशन में विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया था, जिसमें रांची के पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण), नगर, यातायात सहित कुल 48 पुलिस पदाधिकारी शामिल थे।
500 से अधिक CCTV फुटेज का विश्लेषण
5,000 से ज्यादा वाहनों की जांच
पूरे भारत में ह्यू एंड क्राई नोटिस जारी
12 राज्यों (ओडिशा, पश्चिम बंगाल, बिहार, छत्तीसगढ़, राजस्थान, दिल्ली, महाराष्ट्र आदि) में टीमें भेजी गईं
डॉग स्क्वॉयड, ड्रोन से सर्च, रेलवे/बस स्टैंड/हाट-बाजारों पर फोकस
सोशल मीडिया, प्रिंट/इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में बड़े पैमाने पर प्रचार
प्रति बच्चे 2 लाख रुपये (कुल 4 लाख) का इनाम घोषित
रोजाना 1,000 से अधिक कॉल्स अटेंड किए गए
बरामदगी के बाद बच्चों की पहचान वीडियो कॉल के जरिए परिजनों से कराई गई, क्योंकि ठंड के कारण वे टोपी-जैकेट पहने हुए थे। दोनों बच्चे स्वस्थ हैं और जल्द ही माता-पिता की गोद में पहुंचेंगे।

झारखंड पुलिस की इस त्वरित और समन्वित कार्रवाई की पूरे देश में सराहना हो रही है। मुख्यमंत्री और अन्य नेताओं ने भी टीम को बधाई दी है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और ठिकानों की तलाश में जुटी हुई है ताकि ऐसे अपराधों पर लगाम लगाई जा सके।

















