साहिबगंज में गंगा का रौद्र रूप: नए इलाकों में घुसा बाढ़ का पानी, दर्जनों घर जलमग्न
साहिबगंज। गंगा नदी के लगातार बढ़ते जलस्तर ने साहिबगंज में मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बाढ़ का पानी अब नए इलाकों और मोहल्लों तक पहुंच गया है। कई घरों में पानी घुसने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है और जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!बाढ़ की चपेट में आए दर्जनों घरों के परिवार सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करने को मजबूर हैं। वहीं, कई परिवार अभी भी पानी से घिरे अपने घरों में रह रहे हैं। कुछ लोग चौकी और पलंग को ऊंचा कर उसी पर रात गुजार रहे हैं, तो कई परिवार घरों के ऊपरी हिस्से में शरण लिए हुए हैं।
दियारा गांवों में कमर तक पानी, मचान बना सहारा
गंगा की बाढ़ का सबसे गंभीर असर साहिबगंज के दियारा क्षेत्र में देखने को मिल रहा है। सदर प्रखंड के कई दियारा गांव बाढ़ के पानी से घिरे हुए हैं। ग्रामीणों के मुताबिक कई इलाकों में पानी कमर तक पहुंच गया है।

हालात ऐसे हैं कि लोगों के सामने घर छोड़कर सुरक्षित स्थान पर जाने या फिर मचान बनाकर उसी पर रहने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। कई परिवारों ने घर के अंदर ऊंचे स्थानों पर मचान बना लिया है और वहीं रहकर पानी उतरने का इंतजार कर रहे हैं।
बाढ़ के कारण खाने-पीने की चीजों की उपलब्धता भी प्रभावित हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार बढ़ते पानी के बीच रोजमर्रा की जरूरत का सामान जुटाना मुश्किल हो गया है। कई परिवार सीमित राशन में किसी तरह गुजारा कर रहे हैं।
बढ़ते जलस्तर ने बढ़ाई चिंता
गंगा का जलस्तर बढ़ने के साथ बाढ़ का पानी नए इलाकों में फैल रहा है। इससे प्रभावित परिवारों की चिंता भी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों को अब प्रशासन से राहत सामग्री, सुरक्षित ठिकाने, नाव और भोजन की तत्काल व्यवस्था की उम्मीद है।
बाढ़ प्रभावित इलाकों में सबसे बड़ी चुनौती बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर है। यदि जलस्तर में और वृद्धि होती है तो स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।

















