हजारीबाग: निजी कंपनी के गोंदुलपारा कोयला खनन परियोजना की जनसुनवाई में भारी बवाल, ग्रामीणों ने की तोड़फोड़ और हमला

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हजारीबाग: निजी कंपनी के गोंदुलपारा कोयला खनन परियोजना की जनसुनवाई में भारी बवाल, ग्रामीणों ने की तोड़फोड़ और हमला

हजारीबाग: निजी कंपनी के गोंदुलपारा कोयला खनन परियोजना की जनसुनवाई में भारी बवाल, ग्रामीणों ने की तोड़फोड़ और हमला

हजारीबाग, 20 जनवरी : झारखंड के हजारीबाग जिले के बड़कागांव प्रखंड में आज गोंदुलपारा (गोंदलपुरा) कोयला खनन परियोजना के लिए झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा आयोजित जनसुनवाई (पब्लिक हियरिंग) हिंसक हो गई। बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों ने परियोजना का कड़ा विरोध करते हुए कार्यक्रम स्थल पर तोड़फोड़ की और समर्थकों पर हमला कर दिया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, विरोध करने वाले ग्रामीण पारंपरिक हथियारों से लैस थे और पुलिस की मौजूदगी के बावजूद उन्होंने जमकर उत्पात मचाया। कार्यक्रम स्थल पर कुर्सियां उखाड़ फेंकी गईं, टेबल-पट्टियां तोड़ी गईं और मौके पर मौजूद अधिकारियों तथा परियोजना समर्थकों को निशाना बनाया गया।

इस दौरान कई लोग घायल होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि अभी तक आधिकारिक रूप से घायलों की संख्या की पुष्टि नहीं हुई है।यह परियोजना अडानी ग्रुप से जुड़े गोंदलपुरा कोल ब्लॉक के तहत आती है, जिसके खिलाफ स्थानीय ग्रामीण लंबे समय से प्रदर्शन कर रहे हैं।

मुख्य मुद्दे भूमि अधिग्रहण, पर्यावरणीय क्षति, विस्थापन और स्थानीय आजीविका पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव रहे हैं। क्षेत्र में पहले भी कई बार ऐसी जनसुनवाई हिंसक हो चुकी हैं, और 17 जनवरी को ही प्रशासन ने शांति व्यवस्था भंग होने की आशंका जताते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की बात कही थी।

ग्रामीणों ने अडानी कोल ब्लॉक की जनसुनवाई का खुलकर विरोध किया और बवाल मचा दिया। प्रशासन ने अभी तक इस पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन पुलिस स्थिति को नियंत्रित करने में जुटी हुई है।स्थानीय लोग परियोजना को रद्द करने की मांग कर रहे हैं, जबकि समर्थक इसे रोजगार और राज्य राजस्व के लिए फायदेमंद बता रहे हैं। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है और आगे क्या कार्रवाई होती है, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

 

 

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