बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यक पर फिर जानलेवा हमला: शरीयतपुर में व्यापारी को चाकू मारकर जिंदा जलाने की कोशिश
ढाका/शरीयतपुर : बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। नव वर्ष की पूर्व संध्या पर शरीयतपुर जिले के डामुड्या उपजिला में एक हिंदू व्यापारी पर जानलेवा हमला हुआ। पीड़ित खोकन चंद्र दास (उम्र 45-50 वर्ष) को हमलावरों ने पहले बेरहमी से पीटा, फिर चाकू से कई वार किए और अंत में पेट्रोल डालकर आग लगा दी।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!घटना 31 दिसंबर 2025 की रात करीब 9 बजे कनेश्वर यूनियन के केउरभांगा इलाके में हुई। खोकन चंद्र दास स्थानीय फार्मेसी और मोबाइल बैंकिंग का व्यापार चलाते हैं। दुकान बंद करके घर लौटते समय अज्ञात हमलावरों ने उन पर अचानक हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद खोकन ने पास के तालाब में छलांग लगाकर अपनी जान बचाई, जिससे आग बुझ गई।
स्थानीय लोगों ने उन्हें बचाकर पहले शरीयतपुर सदर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन हालत बिगड़ने पर ढाका मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर कर दिया गया। उनके चेहरे, दाहिने हाथ और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर जलन के साथ कई चाकू के घाव हैं। डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत गंभीर बनी हुई है।
पुलिस का कहना है कि हमलावर दुकान लूटने की नीयत से आए थे, लेकिन कई रिपोर्ट्स में इसे अल्पसंख्यक समुदाय पर लक्षित हमला बताया जा रहा है। यह पिछले दो सप्ताह में हिंदुओं पर चौथा बड़ा हमला है।
मानवाधिकार संगठनों ने 2025 में ब्लास्फेमी आरोपों से जुड़ी हिंदुओं पर 70 से अधिक घटनाएं दर्ज की हैं। अंतरिम सरकार के तहत अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। भारत सहित कई देशों ने इन घटनाओं पर चिंता जताई है।
















