चाईबासा में आदिवासियों पर बर्बर लाठीचार्ज के खिलाफ BJP का कोल्हान बंद आज, प्रशासन अलर्ट पर
चाईबासा : झारखंड के चाईबासा में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे आदिवासियों पर पुलिस की बर्बर कार्रवाई के खिलाफ भाजपा ने बड़ा कदम उठाया है। पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के नेतृत्व में पार्टी ने आज (29 अक्टूबर) कोल्हान क्षेत्र में 12 घंटे का संपूर्ण बंद का ऐलान किया है। यह बंद पश्चिम सिंहभूम (चाईबासा) और सरायकेला-खरसावां जिलों में सुबह 6 बजे से रात 8 बजे तक प्रभावी रहेगा।
घटना के विरोध में मंगलवार को राज्य भर में भाजपा कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और राजस्व-भूमि सुधार मंत्री दीपक बिरुआ का पुतला दहन किया। रांची, सरायकेला, फतेहपुर समेत कई जगहों पर प्रदर्शन हुए, जहां कार्यकर्ताओं ने हेमंत सरकार को ‘तानाशाह’ करार दिया। भाजपा प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा, “आदिवासियों की सरकार बनने का दावा करने वाली यह सरकार खुद अत्याचार कर रही है। हम जनता के साथ खड़े हैं।”
क्या है पूरा मामला?
चाईबासा के तांबो चौक पर सोमवार को विभिन्न आदिवासी संगठनों ने एनएच-220 और चाईबासा बाईपास पर दिन के समय भारी वाहनों की ‘नो एंट्री’ को सख्ती से लागू करने की मांग को लेकर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया था। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इन सड़कों पर तेज रफ्तार भारी वाहनों के कारण लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिसमें कई लोगों की जान जा चुकी है। लेकिन रात होते ही प्रदर्शन स्थल पर पुलिस और ग्रामीणों के बीच झड़प हो गई। ग्रामीणों के पथराव के जवाब में पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। इस हिंसक कार्रवाई में कई आदिवासी घायल हो गए, जबकि सदर एसडीपीओ बाहमन टूटी की गाड़ी भी क्षतिग्रस्त हो गई। पुलिस ने 21 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार भी किया।
चंपाई सोरेन ने कुजू गांव में मीडिया से बातचीत में कहा, “यह आंदोलन जनता के हक की लड़ाई है। शांतिपूर्ण प्रदर्शन पर लाठीचार्ज बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई हो, हिरासत में लिए गए लोग रिहा हों, वरना आंदोलन तेज होगा।” चंपाई सोरेन को आंदोलनकारियों से मिलने जाते समय पुलिस ने चाईबासा सीमा पर रोका, जिसके बाद उन्होंने चेतावनी दी कि हिरासत में लोगों का ‘एनकाउंटर’ भी संभव है।
बंद को मिला आजसू का समर्थन
आजसू पार्टी ने भी कोल्हान बंद का समर्थन किया है (पूर्वी सिंहभूम को छोड़कर)। पार्टी ने पुलिसिया दमन की कड़ी निंदा की और कहा कि भोगनाडीह, रांची सरना स्थल व नगड़ी जैसी घटनाओं के बाद चाईबासा की यह कार्रवाई सरकार की साजिश है।
प्रशासन अलर्ट पर
बंद की घोषणा के बाद पुलिस और प्रशासन हाई अलर्ट पर है। चाईबासा में निषेधाज्ञा लागू है, और सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। भाजपा ने लोगों से अपील की है कि बंद शांतिपूर्ण रहे।


















