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 बोकारो: 8 महीने से लापता छात्रा पुष्पा का सुराग नहीं, हाईकोर्ट (high court)सख्त; DGP से मांगा जवाब

बोकारो: 8 महीने से लापता छात्रा पुष्पा का सुराग नहीं, हाईकोर्ट (high court) सख्त; DGP से मांगा जवाब

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झारखंड के बोकारो जिले में लड़कियों के रहस्यमयी तरीके से लापता होने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। सेजल झा के बाद अब पुष्पा कुमारी की गुमशुदगी ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

क्या है पूरा मामला?

बोकारो के पिंडराजोरा थाना  क्षेत्र के खूंटाडीह गांव की रहने वाली 18 वर्षीय पुष्पा कुमारी पिछले 8 महीनों से लापता है। पुष्पा अपने घर से ग्रेजुएशन का फॉर्म भरने के लिए निकली थी, लेकिन फिर कभी वापस नहीं लौटी। परिजनों ने काफी खोजबीन की, लेकिन जब पुलिस से मदद की गुहार लगाई गई, तो कथित तौर पर उन्हें न्याय के बदले प्रताड़ना मिली।

झारखंड हाईकोर्ट की सख्ती और DGP तलब

मामला अब  झारखंड हाईकोर्ट  की दहलीज पर है। कोर्ट ने इस मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया है:
इससे पहले बोकारो एसपी को व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित होने का आदेश दिया गया था।
जांच की धीमी प्रगति को देखते हुए अदालत ने अब राज्य के  DGP  को वर्चुअल माध्यम से जवाब देने के लिए तलब किया है।
अदालत की इस सख्ती से स्थानीय पुलिस प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है।

पुलिस पर गंभीर आरोप: जांच या प्रताड़ना?

जिला परिषद उपाध्यक्ष  बबीता देवी ने पीड़ित परिवार के साथ प्रेस वार्ता कर पुलिस पर सनसनीखेज आरोप लगाए हैं।
1. मारपीट का आरोप: पीड़िता की मां रेखा देवी का कहना है कि 3 अप्रैल को उनके एक रिश्तेदार को थाने बुलाकर बेरहमी से पीटा गया।
2. दबाव की राजनीति: आरोप है कि पुलिस पुष्पा को खोजने के बजाय परिवार पर केस वापस लेने या चुप रहने का दबाव बना रही है।
3. लापरवाही: 8 महीने बीत जाने के बाद भी पुलिस के पास कोई ठोस सुराग नहीं है।

पुलिस का काम पीड़िता को ढूंढना है, लेकिन यहाँ पुलिस पीड़ित परिवार को ही डराने-धमकाने में लगी है। यह प्रशासनिक जवाबदेही पर बड़ा सवाल है।” बबीता देवी, उपाध्यक्ष, जिला परिषद

एसपी का आश्वासन

मामला बढ़ता देख बोकारो एसपी ने बयान जारी कर कहा है कि परिवार द्वारा लगाए गए मारपीट के आरोपों की आंतरिक जांच कराई जाएगी। यदि कोई पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है, तो उस पर सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

निष्कर्ष और समाज की चिंता

बोकारो में एक के बाद एक लड़कियों का इस तरह गायब होना सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगाता है। क्या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह काम कर रहा है? पुष्पा कहाँ है और किस हाल में है, इसका जवाब अब पूरा जिला और हाई कोर्ट प्रशासन से मांग रहा है।

 

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