20260206 164919

चार साल पुराने रूपेश पांडेय हत्याकांड में बड़ा फैसला: सीबीआई कोर्ट ने तीन दोषियों मोहम्मद असलम अंसारी उर्फ पप्पू मियां, मोहम्मद कैफ और मोहम्मद गुरफान को उम्रकैद की सजा सुनाई, 

चार साल पुराने रूपेश पांडेय हत्याकांड में बड़ा फैसला: सीबीआई कोर्ट ने तीन दोषियों मोहम्मद असलम अंसारी उर्फ पप्पू मियां, मोहम्मद कैफ और मोहम्मद गुरफान को उम्रकैद की सजा सुनाई, 

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

20260206 164919

रांची/हजारीबाग: झारखंड के हजारीबाग जिले में चार साल पहले हुए बहुचर्चित रूपेश पांडेय हत्याकांड में सीबीआई की विशेष अदालत ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। सीबीआई के विशेष न्यायाधीश योगेश कुमार की अदालत ने गुरुवार (5 फरवरी 2026) को तीन दोषियों—मोहम्मद असलम अंसारी उर्फ पप्पू मियां, मोहम्मद कैफ और मोहम्मद गुरफान—को आजीवन कारावास (लाइफ इम्प्रिजनमेंट) की सजा सुनाई।

प्रत्येक दोषी पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना न चुकाने पर अतिरिक्त 6-6 महीने की सजा का प्रावधान रखा गया है।

यह मामला 6 फरवरी 2022 का है, जब 17-18 वर्षीय रूपेश पांडेय अपने चाचा के साथ बरही थाना क्षेत्र में सरस्वती पूजा के विसर्जन जुलूस देखने गए थे। विसर्जन के दौरान उन्मादी भीड़ ने उन्हें घेरकर पीट-पीटकर मार डाला था। इस घटना ने पूरे राज्य में सांप्रदायिक तनाव और आक्रोश पैदा कर दिया था।

शुरुआत में स्थानीय पुलिस ने जांच की, लेकिन झारखंड हाईकोर्ट के आदेश पर सितंबर 2022 में मामला सीबीआई को ट्रांसफर कर दिया गया। एफआईआर में कुल 27 आरोपियों का नाम था।

अदालत ने 3 फरवरी 2026 को तीनों को दोषी करार दिया था, जबकि दो अन्य आरोपियों—मोहम्मद इरफान और इश्तेखार मियां—को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।

एक नाबालिग आरोपी का केस अभी जेजे बोर्ड में लंबित है।सीबीआई ने मामले में 15 गवाह पेश किए थे, जिनके आधार पर यह सजा सुनाई गई।

रूपेश की मां उर्मिला देवी ने लंबी कानूनी लड़ाई लड़ी और इंसाफ की मांग की थी। रूपेश के पिता ने बरी किए गए कुछ आरोपियों की रिहाई को चुनौती देने की बात कही है।

कोर्ट का फैसला

3 फरवरी 2026 को तीन आरोपियों को दोषी करार दिया गया।
5 फरवरी 2026 को सजा सुनाई गई: तीनों दोषियों को आजीवन कारावास (लाइफ इम्प्रिजनमेंट) की सजा हुई, साथ ही प्रत्येक पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। जुर्माना न चुकाने पर अतिरिक्त 6 महीने की सजा का प्रावधान है.
दोषी: मोहम्मद असलम अंसारी (उर्फ पप्पू मियां), मोहम्मद कैफ, और मोहम्मद गुरफान (या गुफरान)।

दो अन्य आरोपियों (मोहम्मद इरफान और इश्तेखार/इस्तखार मियां) को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।

Share via
Share via