बजट 2026 में बड़ा ऐलान! अब इनकम टैक्स चोरी पर नहीं होगी जेल, सिर्फ भरना होगा जुर्माना
नई दिल्ली : केंद्र सरकार ने आम करदाताओं को बड़ी राहत देते हुए इनकम टैक्स चोरी और गड़बड़ी के मामलों में जेल की सजा को लगभग खत्म करने का बड़ा फैसला लिया है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यूनियन बजट 2026 में घोषणा की कि नए इनकम टैक्स एक्ट के तहत टैक्स चोरी को अपराध की श्रेणी से बाहर (Decriminalization) किया जा रहा है। अब अनजाने या छोटी-मोटी गलतियों पर जेल नहीं, बल्कि सिर्फ जुर्माना भरना होगा। यह बदलाव 1 अप्रैल 2026 से लागू होने वाले नए इनकम टैक्स कानून का हिस्सा होगा।
पहले टैक्स छिपाने, ITR में गड़बड़ी या किताबों के रिकॉर्ड न दिखाने पर 6 महीने से 7 साल तक की सख्त जेल हो सकती थी। अब छोटे और मध्यम मामलों में सिर्फ पेनल्टी (जुर्माना) लगेगा। अगर आय में गड़बड़ी पाई जाती है या अनजाने में टैक्स कम चुकाया गया है, तो करदाता जुर्माना देकर मामला निपटा सकता है। गंभीर मामलों (जैसे जानबूझकर बड़ी चोरी) में अभी भी सीमित सजा का प्रावधान रखा गया है, लेकिन ज्यादातर मामलों में जेल से राहत मिलेगी।
यह फैसला करदाताओं में भरोसा बढ़ाने और वॉलंटरी कंप्लायंस को बढ़ावा देने के लिए लिया गया है। सरकार का कहना है कि अब डर की जगह ट्रस्ट-बेस्ड टैक्स सिस्टम बनेगा।


















