Books on Father Constant Lievens and Father Camille Bulcke released in Gumla

गुमला में फादर कांस्टेंट लिवेंस और फादर कामिल बुल्के पर लिखी पुस्तकों का विमोचन

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निर्मल सिंह

गुमला: पर्यटक भवन में सोमवार को रांची के लेखक सुनील कुमार बरनवाल की दो पुस्तकों *फादर कांस्टेंट लिवेंस* और *फादर कामिल बुल्के* का विमोचन किया गया। दोनों पुस्तकें छोटानागपुर के जनजातीय समाज, धर्मांतरण के इतिहास और पारंपरिक सामाजिक व्यवस्था से जुड़े विषयों पर आधारित हैं। लेखक ने अपने शोध में मिशनरियों की गतिविधियों, धर्मांतरण के विस्तार और इसके संरक्षण से जुड़े पहलुओं का आलोचनात्मक विश्लेषण किया है।

गुमला में फादर कांस्टेंट लिवेंस और फादर कामिल बुल्के पर लिखी पुस्तकों का विमोचन

पुस्तक विमोचन के दौरान लेखक सुनील कुमार बरनवाल ने कहा कि जनजातीय समाज की अपनी समृद्ध परंपरा और सामाजिक व्यवस्था रही है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 1885 में फादर कांस्टेंट लिवेंस के आगमन के बाद 1892 तक सात वर्षों में 72 हजार लोगों के धर्मांतरण का लिखित उल्लेख मिलता है। उनके अनुसार, गुमला-सिमडेगा समेत पूरे छोटानागपुर क्षेत्र में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से मिशनरी गतिविधियों का विस्तार हुआ। बाद में धर्मांतरित लोगों के संरक्षण के लिए फादर कामिल बुल्के की भूमिका भी सामने आई।

बरनवाल ने कहा कि विदेशी मिशनरी गतिविधियों के बीच पारंपरिक पड़हा व्यवस्था कमजोर हुई है। इसे फिर से मजबूत करने और जनजातीय संस्कृति के पुनर्जागरण की जरूरत है। उन्होंने बताया कि इन पुस्तकों को तैयार करने में 16 वर्षों का शोध किया गया है और 162 दस्तावेजी प्रमाणों का अध्ययन किया गया है। यह पुस्तक श्रृंखला आगे भी जारी रहेगी।

गुमला में फादर कांस्टेंट लिवेंस और फादर कामिल बुल्के पर लिखी पुस्तकों का विमोचन

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त डीएफओ लक्ष्मीकांत बड़ाईक ने कहा कि ये पुस्तकें पड़हा व्यवस्था के प्रति जनजागरण लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहीं नगर परिषद अध्यक्ष शकुंतला उरांव ने कहा कि जनजातीय समाज को शिक्षा और स्वास्थ्य के नाम पर प्रभावित कर धर्मांतरण की गतिविधियां संचालित की गईं। उन्होंने पारंपरिक गुरुकुल और धुमकुड़िया व्यवस्था के संरक्षण की जरूरत पर भी जोर दिया।

कार्यक्रम का संचालन देवेंद्र लाल उरांव ने किया, जबकि पड़हा व्यवस्था के संरक्षक राजवेल उरांव ने धन्यवाद ज्ञापन किया। मौके पर डॉ. दीपक, क्षेत्रीय प्रचारक अजय, विभाग प्रचारक शम्मी, सविंद्र सिंह, वेद प्रकाश प्रधान, महेंद्र उरांव, अनीश साहू, अनिल साहू, जयराम, रविंद्र मिश्रा, रविंद्र सिन्हा, चंपा कुमारी, सीता देवी, मनोज बड़ाईक, सुशील सिंह, दिनेश उरांव सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।

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