सखी मंडल की दीदियों द्वारा निर्मित उत्पादों को मिलेगी एक नई पहचान : उपायुक्त.
Team Drishti.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!देवघर : आज उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी श्री मंजुनाथ भजंत्री द्वारा समाहरणालय सभागार में पलास आउटलेट का उद्घाटन किया गया। इस दौरान उपायुक्त द्वारा जानकरी दी गई कि पलाश एक ब्रांड का नाम है, जिसके माध्यम से स्वयं सहायता समूह की दीदियों द्वारा निर्मित उत्पादों का ब्रांडिंग करते हुए उन्हें सुगम एव सहजतापूर्वक राज्य स्तर से देश के अन्य राज्यों में भी उपलब्ध कराया जाएगा। इस दौरान मीडिया प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए उपायुक्त द्वारा जानकारी दी गई कि स्वयं सहायता समूह के सखी मंडलो द्वारा जो उत्पादों का निर्माण किया जाता है सभी को रांची भेजा जाता है जहाँ उपरोक्त उत्पाद के गुणवत्ता का जांच किया जाता है।
गुणवत्ता जांच के उपरांत पलास नाम से ब्रांडिंग किया जाएगा साथ ही सभी का आउटलेट एव ई-मार्केटिंग के माध्यम से बाजार भी उपलब्ध कराया जाएगा। वर्तमान में एसएचजी प्रोडक्टस फिलहाल गांवों के बाजारों में ही नजर आते हैं। ऐसे में पलाश के जरिये शहरों और राज्य से बाहर तक बाजार की व्यवस्था करने की है, ताकि सखी मंडलों के जरिये तैयार होनेवाले प्रोडक्टस को बढ़िया बाजार मिलने से ग्रामीण कस्बे में रहनेवाली दीदीयों के आत्मनिर्भर बनने की गुंजाइश बढ़ेगी।
इसके अलावे वर्तमान में पूरे झारखण्ड में स्वयं सहायता समूहों के सखी मंडल द्वारा निर्मित कुल 49 उत्पादों यथा- बास से निर्मित समान, साबुन, आचार, पापड़, आटा(मडुआ), मोमबत्ती आदि का ब्रांडिंग किया जा चुका है साथ ही देवघर जिला से चार उत्पादों को रांची गुणवत्ता जांच हेतु भेजा गया है। उपायुक्त ने जिला कार्यक्रम प्रबंधक जे.एस. एल.पी.एस. को निर्देशित किया है कि पलास के आउटलेट एव ई-मार्केंटिंग से संबंधित सारी तैयारियां पूर्ण कराए ताकि फ्लिपकार्ट, अमेजन, आदि प्लेटफार्म पर भी पलास के उत्पादों को बेचा जा सके।

















