झारखंड में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) 20 जून से : पात्र नागरिकों को जोड़ने के लिए घर-घर जाएंगे BLO
रांची: झारखंड में आगामी चुनावों की तैयारी के तहत भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मतदाता सूची के ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ (Special Intensive Revision – SIR) की व्यापक तैयारी शुरू हो गई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) के. रवि कुमार ने प्रेस वार्ता में जानकारी दी कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि राज्य का एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे।
अभियान की मुख्य समय-सारिणी
यह विशेष अभियान 16 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों के साथ झारखंड में भी चरणबद्ध तरीके से चलाया जाएगा। नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण तिथियां इस प्रकार हैं:
23 मई 2026: अनमैप्ड मतदाताओं (2003 की सूची से मिलान न होने वाले) की सूची का प्रकाशन।
30 जून – 29 जुलाई 2026: BLO द्वारा घर-घर जाकर सत्यापन (Enumeration Phase)।
5 अगस्त 2026: प्रारूप (Draft) मतदाता सूची का प्रकाशन।
5 अगस्त – 4 सितंबर 2026: दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अवधि।
7 अक्टूबर 2026:अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन।
कैसे होगा सत्यापन?
राज्य के करीब 2.64 करोड़ मतदाताओं के सत्यापन के लिए 29,571 बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLO) तैनात किए गए हैं। प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए राजनीतिक दलों के BLA भी इसमें शामिल हो सकेंगे। BLO घर-घर जाकर मौजूदा मतदाताओं की जानकारी को सत्यापित करेंगे, नए पात्र मतदाताओं (18+ आयु) के नाम जोड़ेंगे और मृत या स्थानांतरित व्यक्तियों के नाम सूची से हटाएंगे।
जरूरी 11 दस्तावेज
सत्यापन प्रक्रिया के दौरान नागरिकों को अपने निवास, आयु और पहचान का प्रमाण देना होगा। इसके लिए 11 स्वीकृत दस्तावेजों में से कोई भी एक प्रस्तुत किया जा सकता है। इसमें आधार कार्ड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट, राशन कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, या शैक्षणिक प्रमाण पत्र शामिल हैं। (नोट: आधार कार्ड केवल सहायक दस्तावेज है, अनिवार्य नहीं)।
CEO का संदेश
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने निर्वाचन सदन से मीडिया के प्रतिनिधियों हेतु आयोजित एक दिवसीय ओरिएंटेशन प्रोग्राम एवं प्रेस वार्ता को किया संबोधित
मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण के क्रम में बीएलओ घर-घर जाकर सत्यापन का कार्य करेंगी
एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से नहीं छूटेगा : के. रवि कुमार, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी।*


















