श्री सर्वेश्वरी समूह ने जारी किया वार्षिक जनसेवा प्रतिवेदन, 88 हजार से अधिक मरीजों का हुआ उपचार

वाराणसी: गुरुपूर्णिमा महोत्सव की पूर्व संध्या पर अघोर पीठ स्थित श्री सर्वेश्वरी समूह संस्थान देवस्थानम् एवं अवधूत भगवान राम कुष्ठ सेवा आश्रम, पड़ाव में आयोजित पत्रकार सम्मेलन में श्री सर्वेश्वरी समूह के अध्यक्ष पूज्यपाद बाबा औघड़ गुरुपद संभव राम जी ने संस्था की वार्षिक पत्रिका ‘अघोरेश्वर-स्मारिका वर्ष 2026’ का लोकार्पण किया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!पत्रकारों से बातचीत में बाबा औघड़ गुरुपद संभव राम जी ने कहा कि आधुनिकता की चकाचौंध में युवा पीढ़ी अपने बड़े-बुजुर्गों और संत-महापुरुषों के आदर्शों से दूर होती जा रही है, जिससे समाज में अनेक समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। उन्होंने कहा कि समाज के नेतृत्वकारी लोगों को सही दिशा दिखाने की जिम्मेदारी निभानी चाहिए, क्योंकि उनके आचरण का व्यापक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि लोगों के व्यवहार में गिरावट के कारण प्रकृति भी असंतुलित हो रही है, जिसका परिणाम अतिवृष्टि, सूखा और भूकंप जैसी घटनाओं के रूप में सामने आ रहा है। अघोर परंपरा पर पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि “अघोर और औघड़ सहज हैं, परंतु सुगम नहीं।”
इस अवसर पर श्री सर्वेश्वरी समूह के मंत्री डॉ. एस.पी. सिंह ने संस्था का वर्ष 2025-26 का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि बीते एक वर्ष में संस्था द्वारा देशभर में कुल 88,390 रोगियों का उपचार किया गया। साथ ही रक्तदान शिविर, पैथोलॉजी सेवाएं एवं विभिन्न स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन भी किया गया।

पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में संस्था ने 2,10,500 से अधिक पौधरोपण किए। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में दो लाख से अधिक सीड बॉल (बीज गोले) पहाड़ियों पर बिखेरने के अभियान को ‘गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड’ में स्थान मिला है। वहीं मध्य प्रदेश के नरसिंहगढ़ में भी एक लाख से अधिक बीज गोलों का रोपण किया गया।
डॉ. सिंह ने बताया कि जशपुर आश्रम में चाय की खेती के माध्यम से स्थानीय आदिवासियों को रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। इस वर्ष पिपरमेंट और कोको की खेती भी शुरू की गई है। इसके अलावा देशी गो-पालन, देशी बीज संरक्षण, जल संरक्षण, पक्षियों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था, पनशालाओं का संचालन और जरूरतमंदों के बीच वस्त्र वितरण जैसे कार्य वर्षभर संचालित किए गए।

संस्था द्वारा छत्तीसगढ़ के दूरस्थ एवं दुर्गम क्षेत्रों में अनुसूचित जनजातियों के बीच कंबल एवं अन्य आवश्यक सामग्री का वितरण किया गया। महिला स्वयंसेवकों ने ग्रामदेवी मंदिरों की साफ-सफाई के साथ अस्पतालों, वृद्धाश्रमों एवं बाढ़ राहत शिविरों में भी सेवा कार्य किए। सर्वधर्म समन्वय की भावना से मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारों और गिरजाघरों में भी आवश्यक सामग्री वितरित की गई।
शिक्षा के क्षेत्र में अवधूत भगवान राम नर्सरी विद्यालय के मेधावी विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति, मेडल और प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए गए। वहीं काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के दर्शनशास्त्र के उत्कृष्ट विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक देकर सम्मानित किया गया। गरीब बच्चों के लिए निःशुल्क भोजन, आवास और शिक्षा की व्यवस्था भी संस्था द्वारा संचालित की जा रही है।
पत्रकार सम्मेलन में श्री सर्वेश्वरी समूह के उपाध्यक्ष डॉ. ब्रजभूषण सिंह, अवधूत भगवान राम कुष्ठ सेवा आश्रम के प्रमुख वैद्य बैकुंठनाथ पाण्डेय, प्रबंध समिति के सदस्य डॉ. बामदेव पाण्डेय तथा वरिष्ठ पत्रकार दलीप सिंह उपस्थित रहे।
















