थाने की दीवारों पर दिखा बदलाव, दारू पुलिस ने रंगों से दिया भरोसे और सुरक्षा का संदेश
सुस्वागतम्’ से स्वागत, दीवारों पर महिला सुरक्षा की सीख; हजारीबाग के दारू थाना की पहल खींच रही लोगों का ध्यान
दारू (हजारीबाग)। खाकी वर्दी, कानून और कार्रवाई के बीच अगर दीवारों पर स्वागत की मुस्कान और सामाजिक जागरूकता के संदेश दिखाई दें, तो थाना परिसर की तस्वीर कुछ अलग नजर आती है। हजारीबाग जिले के दारू थाना में कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है। यहां की दीवारें केवल रंगों से नहीं सजी हैं, बल्कि इनके जरिए आम लोगों को सुरक्षा, सम्मान और जिम्मेदारी का संदेश भी दिया जा रहा है। थाना के प्रवेश द्वार पर लिखा ‘सुस्वागतम्’ और हाथ जोड़कर अभिवादन करते पुलिसकर्मियों की तस्वीरें आने वाले लोगों का ध्यान खींचती हैं। इन चित्रों में पुलिस की एक ऐसी छवि उभरती है, जिसमें अनुशासन के साथ शिष्टाचार और जनता के प्रति सहज व्यवहार का संदेश भी शामिल है।

दीवारों पर महिला सुरक्षा की बात
दारू थाना परिसर में महिला सुरक्षा को लेकर लगाए गए जागरूकता पोस्टर इस पहल का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। पोस्टर के माध्यम से छेड़छाड़, पीछा करने, अश्लील टिप्पणी, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना और बाल विवाह जैसी समस्याओं के प्रति लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया गया है। इन संदेशों के जरिए यह बात सामने रखी गई है कि महिलाओं की सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है। इसके लिए परिवार, समाज और प्रत्येक नागरिक को अपनी भूमिका निभानी होगी। महिलाओं के सम्मान और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए जागरूकता को भी जरूरी बताया गया है।

परेशानी में काम आएंगे ये नंबर
जागरूकता पोस्टर पर महिला हेल्पलाइन 181, पुलिस आपातकालीन सेवा 112 और दारू थाना का संपर्क नंबर 9471194955 भी अंकित है। आपात स्थिति में इन नंबरों की जानकारी लोगों के लिए उपयोगी हो सकती है।

जब दीवारें भी देने लगें जागरूकता का संदेश
पुलिस थाने की पहचान आमतौर पर प्राथमिकी, शिकायत और कानूनी कार्रवाई से जुड़ी होती है। ऐसे में दारू थाना की दीवारों पर स्वागत और जागरूकता के संदेश परिसर को एक अलग पहचान देते हैं। यह पहल बताती है कि सार्वजनिक स्थानों पर दिए गए छोटे-छोटे संदेश भी लोगों को उनके अधिकारों, कर्तव्यों और उपलब्ध सहायता सेवाओं के प्रति जागरूक करने में भूमिका निभा सकते हैं। अब इन संदेशों की सार्थकता इस बात से भी तय होगी कि आम लोगों को महिला सुरक्षा से जुड़ी सहायता कितनी आसानी से मिलती है और पुलिस-जनता के बीच विश्वास का रिश्ता कितना मजबूत होता है। फिलहाल, दारू थाना की रंगीन दीवारें कानून के साथ संवेदनशीलता और जनजागरूकता की तस्वीर पेश कर रही हैं।


















