भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) की बैठक: भूमि बैंक रद्द करने और कर्ज माफी की मांग, 7 और 26 नवंबर को प्रदर्शन

रांची : भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) झारखंड राज्य कार्यकारिणी समिति की बैठक रविवार को रांची के अल्बर्ट एक्का चौक स्थित राज्य कार्यालय में वरिष्ठ नेता रामस्वरूप पासवान की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में दिवंगत साथी राम अवतार भारती और बद्री सिंह को एक मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गई।

राज्य सचिव महेंद्र पाठक ने बैठक में संगठन को मजबूत करने और 2029 के लोकसभा व विधानसभा चुनावों की तैयारी पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी सदस्यता को दोगुना करने और पंचायत स्तर पर जन संगठनों को मजबूत करने के लिए सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे। साथ ही, नगर निगम और पंचायत चुनावों में कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने का निर्णय लिया गया।

बैठक में झारखंड सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए कई मांगें उठाई गईं, जिनमें भूमि बैंक को रद्द करना,सीगैर मजरुआ जमीन की पुरानी रसीद जारी करना, भूमिहीनों को खेती के लिए 2.5 एकड़ और मकान के लिए 10 डिसमिल जमीन आवंटित करना,सीबेरोजगार युवाओं को 10,000 रुपये मासिक बेरोजगारी भत्ता, किसानों को 10,000 रुपये पेंशन और माइक्रो फाइनेंस कंपनियों द्वारा महिलाओं और किसानों पर लदे कर्ज की माफी शामिल है।

इन मांगों के समर्थन में भाकपा ने आंदोलन की घोषणा की है। 7 नवंबर को सभी प्रखंड मुख्यालयों और 26 नवंबर को सभी जिला मुख्यालयों पर धरना, प्रदर्शन और जुलूस आयोजित किए जाएंगे।

वहीं ने अपने स्थापना की 100वीं वर्षगांठ को लेकर ने कहा कि भाकपा इसे उत्सव के रूप में मनाएगी। 21 दिसंबर को रांची में आयोजित समापन समारोह में राष्ट्रीय महासचिव डी. राजा सहित कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे।

बैठक में महेंद्र पाठक, पीके पांडे, पशुपति कोल, कन्हाई मल पहाड़िया, महादेव राम, अजय कुमार सिंह, इम्तियाज खान, रुचिर कुमार तिवारी, अंबुज ठाकुर, जितेंद्र सिंह, गौर रवानी, रामस्वरूप पासवान, अनिरुद्ध कुमार, संतोष कुमार रजक, गणेश महतो और मंजू गौतम सहित कई नेता उपस्थित थे।


















