दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की दशहरा मायूसी, महासंघ ने सीएम से मांगा न्यूनतम 20 हजार मानदेय।

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दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की दशहरा मायूसी, महासंघ ने सीएम से मांगा न्यूनतम 20 हजार मानदेय।

दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की दशहरा मायूसी, महासंघ ने सीएम से मांगा न्यूनतम 20 हजार मानदेय।

रांची :झारखंड राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ ने मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से अपील की है कि ग्रामीण विकास विभाग के अधीन झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) में कार्यरत ऑफिस बॉय, ऑफिस अटेंडेंट और हाउस कीपर को न्यूनतम प्रतिमाह 20 हजार रुपये मानदेय दिया जाए।

महासंघ का कहना है कि ये कर्मचारी बीते 8 से 10 वर्षों से मात्र 425–450 रुपये दैनिक भत्ते पर सेवा दे रहे हैं। न उन्हें नियमित कर्मचारियों जैसी छुट्टियों की सुविधा मिलती है और न ही भारत सरकार द्वारा तय न्यूनतम मानदेय का लाभ। दशहरा जैसे महापर्व पर भी इन कर्मचारियों को केवल 15–20 दिनों का मानदेय ही मिल सका है, जिससे वे परिवार और त्योहार की खुशियां मनाने में असमर्थ हैं।

महासंघ के महामंत्री सुनील कुमार साह ने कहा कि यह मानवीय दृष्टिकोण से बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। महासंघ ने चेतावनी दी है कि यदि इस माह में मांगों पर निर्णय नहीं हुआ तो अक्टूबर में JSLPS के सभी दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी मुख्यमंत्री आवास के समक्ष धरना देंगे।

इस मांग का नेतृत्व महासंघ के महामंत्री सुनील कुमार साह, अध्यक्ष देव नारायण सिंह मुंडा, संरक्षक गणेश प्रसाद सिंह, सम्मानित अध्यक्ष मुक्तेश्वर लाल समेत कई पदाधिकारी और कर्मचारी कर रहे हैं।


क्या आप चाहेंगे कि मैं इसे थोड़ा संक्षिप्त और

 

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