Final

गरीब विद्यार्थियों ने फीस जमा नही किया तो कॉलेज ने फाइनल परीक्षा(Final Exam) देने से वंचित किया !

Final Exam controversy
निजी कॉलेजों की मनमानी के चलते किसी भी विद्यार्थी का जीवन बर्बाद नही होने देंगे- इंदरजीत सिंह

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

जमशेदपुर के तकनीकी संस्थान मेरीलैंड इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनजमेंट, गलौदी एक निजी कॉलेज है जहां इंजीनियरिंग और मैनजमेंट की पढ़ाई होती है। मामला ये है कि सत्र 2018 के 7 विद्यार्थी है बीटेक के जिनकी आर्थिक स्तिथि ठीक नही है जिस कारण उनलोगों ने अपना फाइनल फीस नही जमा कर पाया। विद्यार्थियों के पेरेंट्स का कहना है तो फाइनल एग्जाम देने के बाद और रिजल्ट लेने से पहले पूरी फीस जमा कर दी जाएगी लेकिन कॉलेज प्रशाशन सुनने को तैयार नही। विद्यार्थियों ने कांग्रेस छात्र संगठन एन.एस.यू.आई के प्रदेश उपाध्यक्ष इंदरजीत सिंह से संपर्क किया। इंदरजीत सिंह ने कॉलेज की प्राचार्या डॉ रेखा चौधरी जी से शुक्रवार को फ़ोन पे विद्यार्थियों के मामले को लेकर बात किया तो प्राचार्य ने सोमवार को विद्यार्थियों को एप्लीकेशन के साथ कॉलेज आने को कहा। और जब आज सारे विद्यार्थी अपने पेरेंट्स के साथ कॉलेज मिलने गए तो प्रिंसिपल ने सभी को भगा दिया और बोले कि मैनेजमेंट के लोग निर्णय लेंगे। मैनजमेंट के हेड रेहान कश्यप के पास जब सभी विद्यार्थी गए तो उन्होंने मिलने से भी माना कर दिया। इंदरजीत सिंह ने रेहान जी को लगातार संपर्क करने की कोशिश की लेकिन बात नही हुई। सुबह से ही सारे विद्यार्थी कॉलेज में बैठे हुए है। बोलते है अगर परीक्षा देने नही मिला तो जीवन बर्बाद हो जाएगा।

विद्यार्थियों का जीवन बर्बाद नही होने देंगे

कांग्रेस छात्र संगठन एन.एस.यू.आई के प्रदेश उपाध्यक्ष इंदरजीत सिंह ने कहा कि निजी संस्थानों को कोई हक नही है कि फीस के कारण आप किसी भी विद्यार्थी का परीक्षा रोके। किसी का लाइफ बर्बाद नही होने देंगे। अगर इन विद्यार्थियों को परीक्षा देने नही दिया गया तो एन.एस.यू.आई चरणबद्ध आंदोलन करेगी एव कॉलेज में ताला बंदी करेगी।

Share via
Share via