सिमडेगा में बिशप विंसेंट बरवा ने दिया क्रिसमस का संदेश कहा.. क्रिसमस नम्रता, प्रेम, सरलता और सेवा का संदेश देता है
सिमडेगा में बिशप विंसेंट बरवा ने दिया क्रिसमस का संदेश
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!क्रिसमस केवल उत्सव और दिखावे का पर्व नहीं, बल्कि नम्रता, प्रेम, सरलता और सेवा का संदेश देता
सिमडेगा क्रिसमस पर्व के अवसर पर सिमडेगा धर्मप्रांत के अध्यक्ष बिशप विंसेंट बरवा ने लोगों को संदेश देते हुए कहा कि क्रिसमस का वास्तविक उद्देश्य ईश्वर के व्यक्तिगत प्रेम को जीवन का केंद्र बनाना है। उन्होंने कहा कि क्रिसमस केवल उत्सव और दिखावे का पर्व नहीं, बल्कि नम्रता, प्रेम, सरलता और सेवा का संदेश देता है।बिशप बरवा ने अपने संदेश में चरवाहों के उदाहरण का उल्लेख करते हुए कहा कि यीशु का जन्म केवल सम्पन्न वर्ग के लिए नहीं, बल्कि गरीब, कमजोर और हाशिए पर खड़े लोगों के लिए हुआ।
चरवाहों ने सरल हृदय से बालक यीशु को स्वीकार किया और यही हमें सिखाता है कि ईश्वर साधारण लोगों और साधारण परिस्थितियों में स्वयं को प्रकट करता है। उन्होंने कहा कि क्रिसमस हमें अपने हृदय को पवित्र बनाने, सादगी का जीवन अपनाने और अपने व्यवहार व वचन में मधुरता लाने की प्रेरणा देता है। भागदौड़ भरे उत्सवों के बीच मन और हृदय को शांत रखते हुए ईश्वरीय कृपा को पहचानना ही सच्चा क्रिसमस है।
बिशप बरवा ने कहा कि जहाँ करुणा है, वहीं ईश्वर है। छोटे-छोटे प्रेम और सेवा के कार्यों के माध्यम से ही क्रिसमस के संदेश को समाज तक पहुँचाया जा सकता है। उन्होंने लोगों से प्रेम, शांति और सेवा के वाहक बनने का आह्वान करते हुए सभी को जन्म पर्व की शुभकामनाएँ दीं।
नरेश शर्मा

















