बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या: फेनी जिले में ऑटो चालक समीर दास का शव मिला, पुलिस जांच में जुटी
ढाका/फेनी : पड़ोसी देश बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों का सिलसिला जारी है। ताजा मामले में चटगांव डिवीजन के फेनी जिले के दागनभुइयां उपजिला में 28 वर्षीय हिंदू युवक समीर कुमार दास (समीर दास) की क्रूर हत्या कर दी गई। पुलिस को दो दिन पहले (11 जनवरी की रात) उनका लहूलुहान शव मिला था, जिसके बाद जांच तेज कर दी गई है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!समीर कुमार दास पेशे से बैटरी ऑटो-रिक्शा चालक थे और अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। रविवार शाम करीब 8 बजे के बाद वे अपने ऑटो के साथ घर से निकले, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे। परिवार ने उनकी तलाश शुरू की और अंततः पुलिस को सूचना दी।
रात करीब 2 बजे स्थानीय लोगों ने जगतपुर गांव के एक खेत या दक्षिण करीमपुर मुहुरी बाड़ी के पास उनका खून से सना शव पाया। शव पर चाकू और अन्य देसी हथियारों से कई गहरे घाव थे। प्रारंभिक जांच में पुलिस का मानना है कि यह एक सुनियोजित हत्या थी। हमलावरों ने समीर को किसी सुनसान जगह पर ले जाकर पीट-पीटकर और चाकू मारकर मार डाला, उसके बाद उनका ऑटो लूटकर फरार हो गए।
शव को पोस्टमॉर्टम के लिए फेनी जनरल अस्पताल भेज दिया गया है। दागनभुइयां थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
यह घटना पिछले कुछ हफ्तों में हिंदू समुदाय पर हुए हमलों की श्रृंखला में नवीनतम है। कई रिपोर्टों के अनुसार, दिसंबर 2025 से अब तक कम से कम 7-13 हिंदुओं की हत्या की जा चुकी है, जिसमें लूट, मारपीट और टारगेट किलिंग शामिल हैं। बांग्लादेश हिंदू बौद्ध क्रिश्चियन यूनिटी काउंसिल ने अल्पसंख्यकों पर बढ़ते हमलों को लेकर गहरी चिंता जताई है।
पुलिस का कहना है कि जांच के सभी पहलुओं पर काम किया जा रहा है, जिसमें लूट का मकसद प्रमुख है, लेकिन अन्य पहलुओं को भी खारिज नहीं किया जा रहा। परिवार और स्थानीय हिंदू समुदाय में दहशत का माहौल है।

















