मकर संक्रांति पर ओंकारेश्वर धाम में दो दिवसीय धार्मिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भव्य संगम
शंभू कुमार सिंह
सिमडेगा/आलिंगुड़ : मकर संक्रांति के पावन अवसर पर ओंकारेश्वर धाम (जात्रा टोंगरी) में दो दिवसीय भव्य मेला आयोजित किया गया, जिसमें धार्मिक अनुष्ठान, सामाजिक एकता और नागपुरी संस्कृति का जीवंत प्रदर्शन देखने को मिला। यह आयोजन स्थानीय लोगों के लिए आस्था, भक्ति और उत्साह का प्रमुख केंद्र बना रहा।
शिव मंदिर के पुजारी पंडित नीलांबर पांडा ने पूरे भक्ति-भाव से दो दिनों तक विशेष पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए। गुरुवार को धार्मिक कार्यक्रमों के समापन पर भक्तों को महाप्रसाद का वितरण किया गया, जिससे सभी श्रद्धालु गद्गद हो उठे।
इसके बाद आयोजित नागपुरी सांस्कृतिक कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों ने अपनी कला से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ नेता श्याम सुंदर मिश्रा ने कहा, “मकर संक्रांति का त्योहार हमें अपनी संस्कृति पर गर्व करने का अवसर देता है। यह पूजा-अनुष्ठान के लिए विशेष महत्व रखता है। हमारी संस्कृति ही हमारी पहचान है; इससे दूर होना स्वयं को नष्ट करने के समान है। इसलिए हमें पूरे विश्वास, आस्था और जोश के साथ अपनी संस्कृति से जुड़े रहना चाहिए।”
भाजपा नेता एवं मुखिया सुरजन बड़ाइक ने अपने संबोधन में कहा कि धर्म और संस्कृति से जुड़ने से समाज में प्रेम, आपसी मेल-मिलाप और सद्भाव बढ़ता है।
कार्यक्रम में कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से माहौल को और भी उत्साही बना दिया। गायन और नृत्य में केशो देवी, सुहाना देवी, प्रीति मेहर, लक्ष्मण सिंह, अनीस मोहली, डांसर मनीषा कुमारी तथा राधा रानी ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। उनके गीतों और नृत्यों ने दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। कार्यक्रम देर रात तक चला और उत्साह के साथ समाप्त हुआ।
आयोजन की सफलता में पूजा समिति के सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। पुलिस प्रशासन ने भी भरपूर सहयोग दिया। थाना प्रभारी देवीदास मुर्मू के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शरारती तत्वों पर कड़ी नजर रखी, जिससे मेला शांतिपूर्ण और सुरक्षित रहा। स्थानीय निवासियों ने भी खुलकर सहयोग किया और मेला का भरपूर आनंद उठाया। मंच संचालन का दायित्व विश्व सिंह और चंद्र शेखर सिंह ने कुशलतापूर्वक निभाया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रमुख भूमिका निभाने वाले लोगों में श्याम सुंदर मिश्रा (विश्व हिंदू परिषद), सुरजन बड़ाइक (मुखिया), बिनोद बड़ाइक, उपप्रमुख आमंत्रण मांझी, लोकेंद्र सिंह, चंद्र शेखर सिंह, दीपक सिंह, पारस सिंह, टकबर सिंह, लखन सिंह, विजय सिंह, चुने सिंह, गोरखनाथ सिंह सहित समसेरा, आलिंगुड़ और पालेमुंडा क्षेत्र के अनेक गणमान्य व्यक्ति शामिल रहे। उनका सहयोग सराहनीय रहा।


















