एनडीए का फैसला पूरी तरह लोकतांत्रिक, जेएमएम को पहले अपनी बिहार वाली ‘समीक्षा’ याद करनी चाहिए
रांची : बिहार में नीतीश कुमार के नेतृत्व और एनडीए के फैसलों पर जेएमएम के हालिया बयानों पर भाजपा ने जोरदार काउंटर अटैक किया है। भाजपा के बिहार प्रदेश प्रवक्ता अजय साह ने कहा कि जिस पार्टी (जेएमएम) की बिहार में राजनीति को राजद ने लगभग समाप्त कर दिया, वह अब किस मुंह से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ‘राजनीतिक हत्या’ की बात कर रही है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!अजय साह ने कहा, “बिहार विधानसभा चुनाव के बाद जेएमएम ने बड़े-बड़े दावे किए थे कि इंडी गठबंधन की विस्तृत समीक्षा होगी और आगे की रणनीति तय की जाएगी। लेकिन आज स्थिति यह है कि समीक्षा तो दूर, कांग्रेस के नेता ही जेएमएम को रोज कोसते और कटघरे में खड़ा करते नजर आ रहे हैं। जेएमएम पहले यह स्पष्ट करे कि राजद कोटे के मंत्री को बाहर करने की बात कब तक पूरी होगी, या फिर चुनाव के दौरान दिए सारे बयान महज जुमलेबाजी थे?”
उन्होंने आगे कहा कि बिहार में जो भी राजनीतिक निर्णय हुआ है, वह एनडीए का सामूहिक और पूरी तरह लोकतांत्रिक फैसला है। जनता ने एनडीए को स्पष्ट जनादेश दिया है, और उसी के अनुरूप सभी दलों की सहमति से निर्णय लिया गया। नीतीश कुमार ने अपनी पार्टी के भीतर भी सर्वसम्मति से कदम उठाया, जो लोकतंत्र की असली मिसाल है।
इसके विपरीत जेएमएम पर निशाना साधते हुए अजय साह ने कहा, “जेएमएम के पेट में दर्द इसलिए हो रहा है क्योंकि वह खुद एक परिवार द्वारा संचालित ‘प्राइवेट लिमिटेड कंपनी’ जैसी पार्टी है, जहां लोकतंत्र नहीं बल्कि परिवारतंत्र चलता है। निर्णय कार्यकर्ताओं या संगठन की सहमति से नहीं, बल्कि एक ही परिवार की इच्छा से लिए जाते हैं।”
अजय साह ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में बिहार में एनडीए और मजबूत होगा, और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार विकास की रफ्तार को और तेज करेगी। उन्होंने कहा, “जिस तरह बिहार की जनता ने जंगलराज का सफाया किया, उसी तरह बहुत जल्द झारखंड से भी जंगलराज की राजनीति का अंत होगा और सुशासन व विकास की नई शुरुआत होगी।”

















