धनबाद में पैसे के विवाद में महिला को पेड़ से बांधकर पीटा, वीडियो वायरल; एक आरोपी गिरफ्तार
तेलीपाड़ा काली मंदिर के पास की बताई जा रही घटना, वायरल वीडियो के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान में जुटी पुलिस
धनबाद: झारखंड के धनबाद में मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है। पैसे के लेन-देन के विवाद में एक महिला को पेड़ से बांधकर बेरहमी से पीटा गया। घटना का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस हरकत में आई। मामले में एक महिला आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। वहीं, घटना में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है।
वायरल वीडियो धनबाद के तेलीपाड़ा स्थित काली मंदिर के पास का बताया जा रहा है। वीडियो में कुछ लोग एक महिला को पेड़ से बांधकर उसके साथ मारपीट करते नजर आ रहे हैं। प्रारंभिक पुलिस जांच में घटना की वजह पैसे के लेन-देन से जुड़ा विवाद बताई जा रही है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला को तेलीपाड़ा काली मंदिर के पास बुलाया गया था। वहां पहले उसके साथ मारपीट की गई और फिर पेड़ से बांधकर पीटा गया। इसी दौरान किसी ने पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।

वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस की कार्रवाई
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद धनबाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की। पुलिस वायरल वीडियो में दिख रहे लोगों की पहचान करने के साथ ही घटना की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगा रही है।
धनबाद थाना प्रभारी मनोज पांडे के अनुसार, मामले में एक महिला आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी विवाद में कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार किसी को नहीं है। घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान होने पर उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने मामले पर कैमरे के सामने विस्तृत जानकारी देने से इनकार किया है। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि जांच जारी है और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है।


मानवाधिकार संगठन से जुड़ाव के दावे की भी जांच
घटना को लेकर एक और पहलू सामने आया है। आरोप है कि पीड़ित महिला खुद को एक मानवाधिकार संगठन से जुड़ा बताती थी और संगठन के नाम पर विभिन्न मामलों में लोगों पर दबाव बनाने की कोशिश करती थी।
हालांकि, महिला के किसी मानवाधिकार संगठन से वास्तविक जुड़ाव और उस पर लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि विवाद की असली वजह क्या थी और महिला को मौके पर किसने बुलाया था।
सार्वजनिक रूप से महिला की पिटाई ने खड़े किए सवाल
पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद होना अलग बात है, लेकिन किसी महिला को पेड़ से बांधकर पीटना और सार्वजनिक रूप से अपमानित करना कानून व्यवस्था और सामाजिक संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
अब पुलिस वायरल वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही घटना की पूरी सच्चाई सामने आ सकेगी।



















