गोड्डा गोलीकांड: जज पर पत्नी की सुपारी देकर हत्या कराने की कोशिश का गंभीर आरोप, हमले में तीन गिरफ्तार
गोड्डा गोलीकांड: जज पर पत्नी की सुपारी देकर हत्या कराने की कोशिश का गंभीर आरोप, हमले में तीन गिरफ्तार

गोड्डा, 21 जनवरी – झारखंड के गोड्डा जिले में 17 जनवरी की शाम एक महिला को गोली मारने के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया है पुलिस के अनुसार पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्तों ने कबूल किया कि पीड़िता के पति संतोष कुमार साह ने उनसे 2 लाख रुपये की सुपारी देकर अपनी पत्नी की हत्या करवाने की साजिश रची थी।
17 जनवरी की शाम पथरगामा थाना क्षेत्र के गांधीग्राम चौक के पास बाइक सवार अपराधियों ने एक महिला पर जानलेवा हमला किया था। पीड़िता वंदना कुमारी (उम्र लगभग 35 वर्ष) बिहार न्यायिक सेवा में पदस्थापित न्यायिक दंडाधिकारी संतोष कुमार साह की पत्नी हैं।
पुलिस के अनुसार, घटना के बाद पथरगामा थाना में कांड संख्या 13/2026 दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक गोड्डा के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) अशोक रविदास के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया। एसआईटी ने भौतिक, तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है:
श्याम कुमार साह, पुत्र प्रकाश साह, निवासी जनमोहम्मदपुर/सिकरगढ़ टोला, कहलगांव थाना, भागलपुर (बिहार)
सुबोध कुमार साह, पुत्र स्व. गजाधर प्रसाद साह, निवासी सिकरगढ़ टोला, कहलगांव थाना, भागलपुर (बिहार)
मोहम्मद आरिफ, पुत्र स्व. मोहम्मद हनीफ, निवासी काजीपुर, कहलगांव थाना, भागलपुर (बिहार)
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्तों ने कबूल किया कि पीड़िता के पति संतोष कुमार साह ने उनसे 2 लाख रुपये की सुपारी देकर अपनी पत्नी की हत्या करवाने की साजिश रची थी। अभियुक्तों ने हत्या की नीयत से 17 जनवरी को गांधीग्राम चौक के पास वंदना कुमारी पर गोली चलाई, जो गोड्डा परिवार न्यायालय में चल रहे केस के बाद घर लौट रही थीं।
जप्त सामान: घटनास्थल से गोली का अग्रभाग
घटना में इस्तेमाल दो मोटरसाइकिल
एक देशी कट्टा
तीन हेलमेट और तीन मास्क (अभियुक्तों द्वारा प्रयोग में लाए गए)
पीड़िता वंदना कुमारी मूल रूप से कहलगांव (भागलपुर, बिहार) की रहने वाली हैं और वर्तमान में परसा (हनवारा थाना, गोड्डा) में रह रही हैं। हमले में उन्हें गंभीर चोटें आईं, लेकिन उनकी हालत अब स्थिर बताई जा रही है। शुरुआती जांच में पारिवारिक विवाद (तलाक/अवैध संबंधों से जुड़े आरोप) सामने आए थे, और अब अभियुक्तों के बयान से सुपारी हत्या का कोण मजबूत हो गया है।
एसआईटी में एसडीपीओ अशोक रविदास के अलावा प्रशिक्षु डीएसपी कुमार गौरव, विभिन्न थाना प्रभारी (पथरगामा, महागामा, हनवारा, ललमटिया ), पुलिस निरीक्षक और तकनीकी शाखा के सदस्य शामिल थे।
पुलिस ने मामले की गहराई से जांच शुरू कर दी है और मुख्य आरोपी संतोष कुमार साह (जो वर्तमान में बिहार में हैं) के खिलाफ कार्रवाई की के लिये अग्रसर है
यह मामला न्याय व्यवस्था में एक गंभीर सवाल खड़ा कर रहा है, जहां एक न्यायिक अधिकारी पर ही हत्या की सुपारी देने का आरोप लगा है। पुलिस आगे की जांच जारी रखे हुए है।


















