Ranchi :- पेयजल आपूर्ति में संग्रहित वर्षा जल को प्राथमिकता, जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत बोले

Ranchi :- पेयजल आपूर्ति में संग्रहित वर्षा जल को प्राथमिकता, जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत बोले

Share
Link copied

Ranchi

Prerna  Chourasia

Ranchi , Drishti  Now

हर घर नल से जल पहुंचाने वाले ‘जल जीवन मिशन’ का लक्ष्य जल की गुणवत्ता, समुचित मात्रा और आपूर्ति की निरंतरता को बनाए रखना है। इसी के तहत प्रदूषित भूजल वाले क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति के लिए वर्षा के संग्रहित जल को प्राथमिकता दी जा रही है। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत का कहना है कि देश के तमाम हिस्सों के भूजल में घातक तत्व घुले हुए हैं और यह पानी पीने योग्य नहीं है। इस बिच उन्होंने मुख्यमंत्री से भी मुलाकात  की है|राज्य में संचालित जल जीवन मिशन (हर घर नल-जल योजना) एवं स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के कार्य प्रगति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत। राज्य में संचालित जल जीवन मिशन (हर घर नल-जल योजना) एवं स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के कार्य प्रगति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत।

Ranchi :- पेयजल आपूर्ति में संग्रहित वर्षा जल को प्राथमिकता, जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत बोले

पानी की जांच को लेकर कई गंभीर सवाल

लोगों के स्वास्थ्य पर इसका विपरीत असर पड़ता है। ऐसे क्षेत्रों में पेयजल की आपूर्ति किसी बांध, पोखर, तालाब और जलाशय से की जाएगी। फिलहाल देश की पेयजल आपूर्ति में भूजल की हिस्सेदारी 85 प्रतिशत है। जल जीवन मिशन में पानी की गुणवत्ता को गंभीरता से लिया गया है। जल शक्ति मंत्री शेखावत ने दैनिक जागरण से बातचीत में कहा कि पानी की जांच को लेकर कई गंभीर सवाल उठाए जा रहे थे।

कभी भी कराई जा सकती है पानी की जांच

इसके मद्देनजर मिशन ने कोविड-19 की जांच प्रणाली से बहुत कुछ सीखा है। इसके लिए पूरे देश में एक नेशनल ग्रिड विकसित की जा रही है। इससे कहीं भी और कभी भी पानी की जांच कराई जा सकती है। घरेलू सेंसर टेक्नालाजी के माध्यम से देश के 100 स्थानों पर सालभर से पानी की आपूर्ति हो रही है। इससे हमें हर क्षण पानी की गुणवत्ता, मात्रा और निरंतरता का पता चल रहा है। यह प्रणाली राष्ट्रीय स्तर पर लागू की जा सकती है|

ABOUT THE AUTHOR
drishtinow

drishtinow