देवघर में 10 वर्षीय बच्चे की संदिग्ध मौत, कब्र से निकाला गया शव, हत्या की जांच शुरू
देवघर में 10 वर्षीय बच्चे की संदिग्ध मौत, कब्र से निकाला गया शव, हत्या की जांच शुरू
देवघर : झारखंड के देवघर जिले के सारवां थाना क्षेत्र के मणिगढ़ी गांव में 10 वर्षीय प्रीतम कुमार की संदिग्ध मौत ने ग्रामीणों और पुलिस को सकते में डाल दिया है। शुरुआत में सांप के काटने से मौत की अफवाह फैली थी, लेकिन हत्या की आशंका के बाद पुलिस ने शनिवार को शव को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए देवघर सदर अस्पताल भेजा।
मृतक के पिता राजेश यादव ने गांव के ही बागान मालिक गोनू झा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि 7 मई को प्रीतम अपने दोस्तों के साथ गोनू झा के बागान में आम तोड़ने गया था। इस दौरान गोनू झा ने प्रीतम को पकड़ लिया, जबकि बाकी बच्चे भाग निकले। राजेश के अनुसार, गोनू झा ने प्रीतम की पिटाई की, उसकी गर्दन दबाई और उसे जमीन पर पटक दिया, जिससे वह बेहोश हो गया। बाद में उसे सारवां सीएचसी और फिर देवघर सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
परिजनों ने बिना शक के शव को मणिगढ़ी घाट पर दफना दिया, लेकिन अगले दिन प्रीतम के छोटे भाई ने बताया कि उसने गोनू झा को अपने भाई को मारते देखा था। इस खुलासे के बाद ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। सारवां थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीएम) के निर्देश पर दंडाधिकारी सीओ राजेश कुमार साहा और थाना प्रभारी कौशल कुमार सिंह की मौजूदगी में शव को निकाला।
पुलिस ने गोनू झा के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के सही कारणों का पता चलने की उम्मीद है। इस घटना से गांव में तनाव का माहौल है, और ग्रामीण न्याय की मांग कर रहे हैं।


















