ट्रांसजेंडर हुई मुखर हेमंत सरकार पर लगाया वादा खिलाफी का आरोप
ट्रांसजेंडर हुई मुखर हेमंत सरकार पर लगाया वादा खिलाफी का आरोप ! ट्रांसजेंडर वेलफेयर बोर्ड के गठन की मांग, ट्रांसजेंडर समुदाय अधिकारों से वंचित !
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
झारखंड में हजारों की संख्या में ट्रांसजेंडर हैं इसके बावजूद इन्हें अब तक समाज की मुख्यधारा में शामिल नहीं किया जा सका है। रांची प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता कर ट्रांसजेंडर सोसाइटी ने राज्य सरकार से ट्रांसजेंडर वेलफेयर बोर्ड के गठन की मांग की है। इस दौरान उन्होंने कहा कि झारखंड हाई कोर्ट ने दस साल पहले ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए वेलफेयर बोर्ड के गठन की बात कही थी। लेकिन इसके बावजूद अब कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने कागजों पर ट्रांसजेंडर वेलफेयर बोर्ड का गठन तो कर दिया लेकिन धरातल पर कुछ दिखाई नहीं दे रहा है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने BIT मेसरा में रिसर्च एग्जीबिशन का किया उद्घाटन, स्मारक पदक भी किया जारी
ट्रांसजेंडर सोसाइटी ने पेंशन को लेकर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा एक हजार रुपए पेंशन देने की घोषणा की गई थी, लेकिन कुछ गिने-चुने लोगों को ही पेंशन मिल रहा है। ट्रांसजेंडर सोसाइटी के सदस्यों ने सरकार पर आरोप लगाया कि राज्य सरकार महिलाओं के लिए मइयां सम्मान योजना के तहत 2500 रुपए दे रही है, जबकि ट्रांसजेंडर समुदाय को उनके अधिकारों से वंचित रखा जा रहा है।
महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने जा रहे राहुल-प्रियंका ! कांग्रेस ने शुरू की तैयारी
वहीं इस दौरान ट्रांसजेंडर सोसाइटी ने शिक्षा के क्षेत्र में भी सुधार की बात की। उनका कहना था कि ट्रांसजेंडर समाज के बच्चों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि दूसरे राज्यों की सरकार ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए योजनाएं चला रही हैं, जबकि झारखंड में इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।

















