कांग्रेस को ‘ओरिजिनल वोट चोर पार्टी’ बताते हुए भाजपा प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव का तीखा हमला
रांची : भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के झारखंड प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कांग्रेस पार्टी पर जोरदार हमला बोलते हुए इसे देश की ‘ओरिजिनल वोट चोर पार्टी’ करार दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का इतिहास लोकतांत्रिक मूल्यों के सम्मान का नहीं, बल्कि वोट चोरी और संस्थाओं के दुरुपयोग का रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!शाहदेव ने कहा, “आज जब भी भाजपा चुनाव जीतती है, तो कांग्रेस और पूरा विपक्ष चुनाव आयोग, ईवीएम और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल उठाता है। लेकिन जब विपक्ष जीतता है, तो उसे लोकतंत्र की जीत बताने में देर नहीं लगती। यह दोहरा मापदंड कांग्रेस की पुरानी आदत है।”
प्रतुल शाहदेव ने कांग्रेस के इतिहास से कई उदाहरण गिनाए:
पहले प्रधानमंत्री के चयन में अनियमितता : स्वतंत्रता के बाद कांग्रेस के प्रांतीय अध्यक्षों के मतदान में सरदार वल्लभभाई पटेल को भारी बहुमत मिला था, जबकि जवाहरलाल नेहरू को न्यूनतम समर्थन। फिर भी नेहरू को प्रधानमंत्री बनाया गया। शाहदेव ने इसे ‘वोट चोरी और जनमत की अवहेलना’ का सबसे बड़ा उदाहरण बताया।
इंदिरा गांधी का चुनाव अवैध : इलाहाबाद हाईकोर्ट ने इंदिरा गांधी का चुनाव अवैध घोषित किया था, क्योंकि चुनाव नियमों का उल्लंघन पाया गया।
आपातकाल का थोपा जाना : 1975 में इंदिरा गांधी द्वारा आपातकाल लगाकर जनता के वोटिंग अधिकार छीने गए, जो लोकतंत्र पर सबसे बड़ा हमला था।
सोनिया गांधी का मतदाता सूची विवाद : सोनिया गांधी का नाम भारतीय नागरिकता मिलने से पहले मतदाता सूची में दर्ज होना भी वोट चोरी का उदाहरण है।
ईवीएम पर विपक्ष के आरोपों का करारा जवाब
ईवीएम विवाद पर शाहदेव ने विपक्ष को घेरा। उन्होंने कहा, “2014 के बाद देश में 74 बड़े विधानसभा चुनाव हुए। इनमें से 44 में एनडीए को जीत मिली और 30 में विपक्ष जीता। अगर ईवीएम में खोट होती, तो विपक्ष इन 30 चुनावों में कैसे जीतता? सच यह है कि विपक्ष हार पर बहाने बनाता है और जीत पर चुप हो जाता है।”

















