बिहार की सियासत का ‘पावर सेंटर’ 10 सर्कुलर रोड खाली होने लगा, राबड़ी देवी के बंगले से देर रात सामान शिफ्ट
पटना : बिहार की राजनीति में करीब दो दशकों तक सत्ता और विपक्ष की धुरी रहे पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी का पटना स्थित ’10 सर्कुलर रोड’ बंगला अब खाली होने की प्रक्रिया में है। राज्य सरकार द्वारा जारी नोटिस के बाद गुरुवार देर रात इस आवास से पिक-अप वैन और छोटी गाड़ियों के जरिए सामान बाहर निकलते देखा गया, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सूत्रों के अनुसार, देर रात करीब 3-4 गाड़ियां आवास परिसर में पहुंचीं और गमले, पौधे तथा अन्य घरेलू सामान शिफ्ट किया गया। यह प्रक्रिया आधी रात तक जारी रही। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि सामान कहां ले जाया जा रहा है। कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया है कि सामान पहले गोला रोड स्थित गौशाला में ले जाया जा रहा है, जबकि अन्य सूत्रों का दावा है कि यह महुआबाग या आर्य समाज रोड पर लालू प्रसाद यादव के निजी आलीशान बंगले में शिफ्ट हो रहा है।
गौरतलब है कि नवंबर 2025 में नई एनडीए सरकार के गठन के बाद भवन निर्माण विभाग ने राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड बंगला खाली करने का नोटिस जारी किया था। उन्हें विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष के पद के आधार पर हार्डिंग रोड पर बंगला नंबर 39 आवंटित किया गया है। इस नोटिस के बाद आरजेडी ने इसे राजनीतिक बदले की कार्रवाई बताते हुए विरोध जताया था और कहा था कि बंगला किसी कीमत पर खाली नहीं किया जाएगा।
लेकिन अब सामान शिफ्टिंग की खबरों से लग रहा है कि लालू-राबड़ी परिवार ने बंगला खाली करने का फैसला कर लिया है। यह बंगला साल 2006 से लालू परिवार का ठिकाना रहा है, जहां से बिहार की सियासत की कई बड़ी रणनीतियां बनीं। उल्लेखनीय है कि इस समय आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव दिल्ली में हैं और तेजस्वी यादव भी पटना से बाहर हैं। शिफ्टिंग की जिम्मेदारी राबड़ी देवी की देखरेख में हो रही है।
आरजेडी की ओर से इस पर अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, जबकि सत्ताधारी दल इसे नियमों का पालन बता रहे हैं। इस घटनाक्रम से बिहार की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

















