सीएम हेमंत सोरेन आज वोटर अधिकार यात्रा के समापन में होंगे शामिल, राहुल गांधी और तेजस्वी यादव के साथ करेंगे शक्ति प्रदर्शन
रांची/पटना: झारखंड के मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के अध्यक्ष हेमंत सोरेन आज बिहार की राजधानी पटना में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव के साथ वोटर अधिकार यात्रा के समापन समारोह में शामिल होंगे। यह यात्रा, जो 17 अगस्त को सासाराम से शुरू हुई थी, बिहार विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी गठबंधन (इंडिया गठबंधन) की एकता को मजबूत करने और मतदाता जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित की गई है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!आज पटना के गांधी मैदान में वोटर अधिकार यात्रा का समापन एक विशाल रैली और पदयात्रा के साथ होगा। यह पदयात्रा सुबह 10:50 बजे गांधी मैदान में महात्मा गांधी की मूर्ति से शुरू होकर डाक बंगला चौराहा, कोतवाली थाना, और इनकम टैक्स चौराहे से होते हुए बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर पार्क तक पहुंचेगी, जहां इसका विधिवत समापन होगा। इस दौरान राहुल गांधी, तेजस्वी यादव, और हेमंत सोरेन के साथ इंडिया गठबंधन के कई अन्य प्रमुख नेता, जैसे दीपांकर भट्टाचार्य और मुकेश सहनी, भी मौजूद रहेंगे।
वोटर अधिकार यात्रा को बिहार विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी गठबंधन के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। राहुल गांधी और तेजस्वी यादव ने इस यात्रा के दौरान केंद्र सरकार, भाजपा, और चुनाव आयोग पर ‘वोट चोरी’ को लेकर तीखे हमले बोले हैं। ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ का नारा इस यात्रा का मुख्य आकर्षण रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि हेमंत सोरेन की भागीदारी से न केवल बिहार में इंडिया गठबंधन को मजबूती मिलेगी, बल्कि यह झारखंड में भी विपक्षी एकता को प्रेरित करेगा।
इस यात्रा में पहले ही कई बड़े विपक्षी नेता शामिल हो चुके हैं। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन, और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने भी विभिन्न चरणों में हिस्सा लिया। इसके अलावा, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी, और हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के भी शामिल होने की संभावना जताई गई थी।
वोटर अधिकार यात्रा का उद्देश्य निर्वाचन आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के तहत मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाए गए 65 लाख से अधिक मतदाताओं के नामों के मुद्दे को उठाना और ‘वोट चोरी’ के खिलाफ जनता को जागरूक करना है। यह यात्रा बिहार के 25 से अधिक जिलों और 110 विधानसभा क्षेत्रों से होकर गुजरी, जिसमें 1300 किलोमीटर से अधिक की दूरी तय की गई।
दूसरी ओर, एनडीए ने इस यात्रा को घुसपैठिया बचाओ यात्रा’ करार देते हुए विपक्ष पर तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करने का आरोप लगाया है। एनडीए नेताओं ने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव से ‘माफी यात्रा’ निकालने की मांग की है।

















