बिहार विधानसभा चुनाव 2025: राजनीतिक सरगर्मियां चरम पर, एनडीए आज जारी करेगा घोषणापत्र
पटना : बिहार विधानसभा चुनाव के बीच राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। आज भाजपा और एनडीए अपना संयुक्त चुनावी घोषणापत्र जारी करने जा रही है, जिसमें आईटी और एमएसएमई क्षेत्रों में रोजगार सृजन पर विशेष जोर दिया जाएगा। वहीं, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एनडीए प्रत्याशियों के समर्थन में कई चुनावी रैलियों को संबोधित करेंगे, जबकि महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव जनसभाओं के जरिए जनता से ‘परिवर्तन’ की अपील करेंगे।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!बिहार चुनाव की दहलीज पर खड़ी राजनीतिक पार्टियां एक-दूसरे पर तीखे हमले बोल रही हैं। एनडीए ने अपने घोषणापत्र को ‘विकास का ब्लूप्रिंट’ बताते हुए कहा है कि यह बिहार को ‘बीमारू’ राज्य से निकालकर शीर्ष पर ले जाएगा। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने नालंदा की एक रैली में दावा किया कि एनडीए शासन में बिहार का रेलवे बजट 9 गुना बढ़ा है और राज्य को 20 वंदे भारत तथा 26 अमृत भारत ट्रेनें मिली हैं। केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, “हम अपना घोषणापत्र आज जारी करेंगे और इसमें हर शब्द को लागू करेंगे।”
महागठबंधन ने 28 अक्टूबर को अपना घोषणापत्र ‘बिहार का तेजस्वी प्रण पत्र’ जारी किया था, जिसमें 25 प्रमुख बिंदु शामिल हैं। इसमें ताड़ी से प्रतिबंध हटाना, सरकारी नौकरियां, मुफ्त बिजली, ओपीएस बहाली और वक्फ संशोधन कानून को रद्द करने जैसे वादे हैं। तेजस्वी यादव ने घोषणापत्र जारी करते हुए एनडीए पर निशाना साधा और कहा कि नीतीश कुमार एनडीए में कठपुतली मात्र हैं।

















