हापुड़ सूटकेस कंकाल कांड: दुष्कर्म के बाद ब्लैकमेल के डर से नौकरानी की बेरहमी से हत्या, पति-पत्नी गिरफ्तार
हापुड़ सूटकेस कंकाल कांड: दुष्कर्म के बाद ब्लैकमेल के डर से नौकरानी की बेरहमी से हत्या, पति-पत्नी गिरफ्तार
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!हापुड़, 15 दिसंबर : उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हुआ है। 1 दिसंबर को पिलखुवा थाना क्षेत्र में NH-9 के किनारे रामा अस्पताल के सामने गन्ने के खेत में एक सूटकेस से मिले महिला कंकाल की गुत्थी सुलझ गई है। मृतका की पहचान झारखंड के सिमडेगा जिले के ठेठईटांगर थाना क्षेत्र के केरया कुडपानी गांव की रहने वाली सोनिया (उम्र करीब 22 वर्ष) के रूप में हुई है।पुलिस ने हत्या के आरोप में हापुड़ निवासी अंकित कुमार और उसकी पत्नी कलिस्ता उर्फ काली (जो खुद सिमडेगा की मूल निवासी हैं) को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में दंपति ने कबूल किया कि उन्होंने दुष्कर्म को छिपाने और पुलिस शिकायत के डर से सोनिया की बेरहमी से हत्या कर दी थी।
अपराध की पूरी कहानी
पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी दंपति झारखंड की गरीब युवतियों को घरेलू सहायिका (नौकरानी) का काम दिलाने के बहाने उत्तर प्रदेश लाते थे। करीब आठ महीने पहले कलिस्ता ने सोनिया को नौकरी का लालच देकर हापुड़ बुलाया था।अंकित कुमार ने सोनिया के साथ जबरन दुष्कर्म किया और उसका अश्लील वीडियो बना लिया।
जब सोनिया ने पुलिस में शिकायत करने की धमकी दी, तो दोनों आरोपी घबरा गए।
27-28 अगस्त 2025 की रात दंपति ने मिलकर डंडे और लाठियों से पीट-पीटकर सोनिया की हत्या कर दी।
शव को कुछ दिन घर में रखा ताकि बदबू न फैले, फिर 29 अगस्त को सूटकेस में भरकर ऑटो से NH-9 के पास खेत में फेंक दिया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से हत्या में इस्तेमाल डंडा, तीन मोबाइल फोन और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है।
मामला कैसे खुला?
1 दिसंबर को गन्ने की कटाई के दौरान किसान को सूटकेस से बदबू आने पर पुलिस को सूचना दी गई। सूटकेस खोलने पर कंकाल मिला। पहचान के लिए पुलिस ने दिल्ली तक पोस्टर लगाए।मामले की असली कड़ी दिल्ली के विवेक विहार (या सविता विहार) में काम करने वाली सिमडेगा की एक अन्य युवती से जुड़ी, जिसने आरोपियों के घर पर सोनिया की हत्या होते देखी थी। वह डर के मारे चुप थी, लेकिन पोस्टर देखकर पुलिस को जानकारी दी। इस गवाही से कड़ियां जुड़ीं और आरोपी तक पहुंची गई।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अपर पुलिस अधीक्षक विनीत भटनागर ने बताया कि स्वाट टीम और थाना प्रभारी श्योपाल सिंह की टीम ने झारखंड जाकर आरोपियों को गिरफ्तार किया। यह घटना मानव तस्करी, यौन शोषण और महिलाओं की सुरक्षा जैसे गंभीर मुद्दों को उजागर करती है।पुलिस आगे की जांच कर रही है कि दंपति ने इससे पहले कितनी अन्य युवतियों को इसी तरह शिकार बनाया। मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

















